परीक्षा में नकल के आरोप से आहत होकर जान देने का किया था प्रयास
संवाद न्यूज एजेंसी
मोदीपुरम। सरदार वल्लभ भाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में गणित की परीक्षा में नकल के आरोप से आहत होकर करीब 45 फीट ऊंची तीसरी मंजिल से छलांग लगाने वाली बीटेक द्वितीय वर्ष की छात्रा शिवानी की हालत में सुधार हो रहा है। पल्लवपुरम स्थित फ्यूचर प्लस अस्पताल में भर्ती छात्रा अब हाथ-पैर चला रही है और बातचीत भी कर रही है। हादसे में उसके हाथ और रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर हुआ था। चिकित्सकों ने हाथ और रीढ़ की हड्डी का ऑपरेशन कर दिया है।
गंगानगर थाना क्षेत्र के गांव कसेरू बक्सर निवासी शिवानी कृषि विश्वविद्यालय के कॉलेज ऑफ पोस्ट हार्वेस्ट टेक्नोलॉजी एंड फूड प्रोसेसिंग में बीटेक द्वितीय वर्ष की छात्रा है। 29 जुलाई को उसकी गणित की परीक्षा थी। छात्रा के अनुसार, परीक्षा के दौरान एक प्रश्न गलत होने पर उसने उत्तर पुस्तिका का पन्ना फाड़ दिया था। लघु शंका के लिए बाहर जाने के बाद लौटने पर कक्ष निरीक्षक अभिषेक ने उस पर नकल करने का आरोप लगाया गया। उत्तर पुस्तिका सील कर उसे बताया गया था कि डीन जेनिथा की कमेटी के सामने उसका पक्ष सुना जाएगा
छात्रा के मुताबिक, 29 जुलाई से 5 अगस्त तक उसे कोई फोन नहीं आया। 5 अगस्त को वह अपनी बात रखने कॉलेज पहुंची, लेकिन डीन से मुलाकात नहीं हो सकी। इसके बाद वह कॉलेज की तीसरी मंजिल पर पहुंच गई और करीब 45 फीट नीचे छलांग लगा दी। गंभीर हालत में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
घटना के बाद कुलपति डॉ. त्रिवेणी दत्त समेत विश्वविद्यालय प्रशासन की टीम अस्पताल पहुंची। अधिकारियों ने छात्रा का हाल जाना और उसके परिजनों से बातचीत कर आश्वासन दिया था। प्रशासन ने पूरे मामले में निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया। विश्वविद्यालय छात्रा के उपचार का खर्च भी वहन करने की बात कही थी। इस मामले में डीन हार्टिकल्चर डॉ. बिजेंद्र सिंह की अध्यक्षता में गठित आठ सदस्यीय कमेटी डॉ. रामजी सिंह, डॉ. आरएस सेंगर, डॉ. पंकज, जयवीर सिंह, डॉ. डीके सिंह, डॉ. अमित कुमार, डॉ. रश्मि जांच कर रहे हैं। परीक्षा के दौरान क्या हुआ, यह सभी तथ्यों और बयानों की जांच के बाद स्पष्ट होगा। छात्रा की हालत में और सुधार होने पर उसका बयान भी दर्ज किया जाएगा।
अभी प्राथमिकी दर्ज नहीं
सीओ दौराला शिव ठाकुर ने बताया कि छात्रा का उपचार चल रहा है। घटना के संबंध में अभी प्राथमिकी दर्ज नहीं हुई है। मामले की जांच और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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