नगर निगम ने शहर के गली-मोहल्लों में भी अवैध रूप से पशुओं के कटान पर रोक लगाने की तैयारी शुरू कर दी है। इसके लिए नगरायुक्त देवेंद्र कुमार कुशवाहा ने नगर स्वास्थ्य अधिकारी को अवैध पशु कटान के ठिकाने और दुकानों के सर्वे के निर्देश दिए हैं। जिससे अभियान चलाकर इनके खिलाफ कार्रवाई की जा सके।
शासन की सख्ती के बाद भी शहर के लिसाड़ीगेट समेत कुछ इलाकों में अवैध रूप से पशुओं का कटान चल रहा है। यह बात अलग है कि चार दिन पहले खुले में सड़क और नालों की पटरी पर होने वाला पशु कटान अब नालों की पटरी पर किया जा रहा है। अनुमान है कि शहर के भीतर अभी भी अवैध तरीके से 100 से 150 पशुओं का कटान हो रहा है। इस मीट की आपूर्ति शहर में की जा रही है। इसके अलावा शहर के अंदर ही कुछ दुकानों पर बकरा आदि का कटान बदस्तूर जारी है। घंटाघर के पास सड़क पर खुले में ही मुर्गों का कटान होता है।
लाइसेंस पर भी सख्ती की तैयारी
नगर निगम की तरफ से 150 फुटकर मीट विक्रेताओं को लाइसेंस दिए गए हैं। मानक के अनुरूप मीट विक्रेताओं को पक्की दुकान, अवशेष रखने का स्थान, गंदगी डस्टबिन में डालने, दुकान के बाहर चिक लगी होनी चाहिए। शहर में दुकानें तो लगभग पक्की हैं, लेकिन ज्यादातर में अन्य मानकों की अनदेखी की जा रही है। नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. कुंवरसेन ने अपनी टीमें लगाकर जांच शुरू करा दी है। मार्च बाद मानकों पर खरेे न उतरने वाले मीट व्यापारियों का लाइसेंस निरस्त भी किया जा सकता है।
अवैध कटान के खिलाफ अभियान जल्द
नगर निगम शहर में अवैध रूप से पशु कटान के खिलाफ पुलिस को साथ लेकर जल्द ही अभियान शुरू करेगा। हालांकि, निगम प्रशासन का यह भी कहना है कि अवैध पशु कटान रोकने की मुख्य जिम्मेदारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और पुलिस की है। इसके बाद भी निगम पूरा सहयोग करेगा।
तीर्थंकर मार्ग से हटाएं मीट की दुकानें
सकल जैन समाज ने तीर्थंकर मार्ग पर पशु कटान और मीट की दुकानों को बंद कराने की मांग को लेकर मेयर को ज्ञापन सौंपा है। भाजपा के पूर्व महानगर अध्यक्ष सुरेश जैन रितुराज ने कहा है कि घंटाघर से सिटी रेलवे स्टेशन तक मार्ग का नाम वर्ष-1976 में तीर्थंकर महावीर मार्ग किया गया था। इस पर कई मीट की दुकानें हैं। उनका आरोप है कि लाइसेंसी मीट की दुकानों पर भी नियमों का पालन नहीं हो रहा है। सड़क पर ही पशुओं का कटान किया जा रहा है। उन्होंने मांग की है कि तीर्थंकर महावीर मार्ग स्थित लाइसेंसी मीट की दुकानों को दूसरी जगह शिफ्ट किया जाए। ज्ञापन देने वालों में सीमा जैन, सुरेंद्र जैन, अनिल जैन, प्रवीण कुमार, अजेंद्र जैन, रंजीत जैन, विजय जैन, प्रदीप जैन आदि मुख्य रहे।
जिम्मेदारों पर भी हो कार्रवाई : डॉ. लक्ष्मीकांत
भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने अवैध रूप से पशुओं के कटान के जिम्मेदारों की तलाश शुरू कर दी है। उनका कहना है कि भाजपा की सरकार आते ही मीट फैक्ट्रियां बंद होनी शुरू हो गई हैं। कहा कि आठ साल में दूध का भाव 30 रुपये से बढ़कर 50 रुपये प्रति किलो हो गया। यही कारण है कि मिलावट का कारोबार तेज हो गया। इससे व्यक्ति की सेहत पर असर पड़ रहा है। उन्होंने मांग उठाई है कि इन हालात को उत्पन्न करने वाले अफसरों पर कार्रवाई की जाए। एक मीट प्लांट से दो ट्रक मीट निकलवाने वाले अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाए।