मेरठ। खजूरों के रविवार को ईसाई समाज ने घरों में रहकर सादगी के साथ मनाया। शहर के किसी भी चर्च में पहली बार कोई सामूहिक आयोजन नहीं हुए। घरों में ही प्रभु यीशु की महिमा के गीत गाए गए। ईसाई समाज की मान्यताओं के अनुसार आज ही के दिन प्रभु यीशू ने येरूशलम में प्रवेश किया था। इस अवसर पर घरों में खजूर की डालियां लगाई गईं।
घरों में होशन्ना होशन्ना तेरी प्रभु यीशु जय हो। खजूर की डाली अब डालो, खुदावंत यीशु आता है आदि गीतों के स्वर गूंज उठे। ब्रदर ललित स्टीफन ने बताया कि येरूशलम में प्रभु यीशु ने एक राजा के रूप में प्रवेश किया था। उन्होंने कहा कि प्रभु यीशु ने 2000 हजार वर्ष पूर्व समस्त मानव जाति के लिए अपना लहू सलीब पर बहा दिया। उसे याद करना चाहिए। ईसाई समाज के सभी लोगों ने घरों में रहकर प्रार्थना की कि प्रभु हमें कोरोना महामारी से निजात दिलाए। ब्रदर ललित स्टीफन ने बताया कि बाइबल कहती है कि तुझे सारे रोगों से छुड़ाउंगा, मत डर मैं तेरे साथ हूूूं। वहीं, विशेष प्रार्थना अरुण स्टीफन, अखिल कौशिक, चमन कंफर्ट, पारितोष नोयल, डेविड मसीह, सुनी, फादर जॉन चिम्मन, अनिल सिंह, रोबिन नाथ गोलू भाई के आवास पर विशेष प्रार्थना कार्यक्रम परिवार द्वारा किए गए।