मेरठ। अपर नगर मजिस्ट्रेट चतुर्थ के कार्यालय में रिश्वतकांड के बाद एडीएम कार्यालय के बाहर सीसीटीवी लगाए गए हैं। कैमरों की मॉनीटरिंग एडीएम प्रशासन कार्यालय से होगी। अब कर्मचारी की निगरानी की जाएगी कि उनको रिश्वत देने कौन आ रहा है।
पांच दिन पहले अपर नगर मजिस्ट्रेट चतुर्थ कार्यालय में तैनात चपरासी रणसिंह को एंटी करप्शन ने पांच हजार की रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार किया था। रिश्वतकांड के बाद डीएम कर्मचारियों की कार्यशैली को लेकर नाराज है। एसीएम चतुर्थ के पेशकार रणसिंह को पदमुक्त करते हुए प्रशासनिक अधिकारी का सहायक कर्मचारी बनाया। कार्यालय में कर्मचारी-अधिकारियों की निगरानी के लिए एडीएम कार्यालय के बाहर सीसीटीवी लगवाए हैं। एडीएम कार्यालय के आगे-पीछे गैलरी में कैमरे लगाए है। रिपोर्टर