मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय की एनईपी विषम सेमेस्टर की परीक्षाओं के दौरान गंभीर अनियमितताएं सामने आ रही हैं। सोमवार को परीक्षा के लिए गठित विशेष उड़ाका दल ने मवाना क्षेत्र के कई परीक्षा केंद्रों पर छापा मारा। इस दौरान एक परीक्षा केंद्र से प्राचार्य अनुपस्थित मिले वहीं उत्तर पुस्तिकाओं का रिकॉर्ड भी नहीं था। वहीं परीक्षा के दौरान कई छात्रों के पास से स्मार्ट वॉच और मोबाइल भी बरामद हुए।
सोमवार को प्रो. शिवराज सिंह के नेतृत्व में विशेष उड़ाका दल के डॉ. विनय कुमार चिकारा, डॉ. प्रशांत यादव और डॉ. देवेंद्र सिंह की टीम ने निरीक्षक किया तो कृषक डिग्री कॉलेज मवाना में परीक्षा कक्षों में सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे थे। यहां बिजली, पानी और सफाई की व्यवस्था भी नहीं थी। सुशील कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट में प्राचार्य अनुपस्थित मिले। कॉलेज में उत्तर पुस्तिका का रिकॉर्ड भी नहीं था। इसके अलावा एक कक्ष में सीसीटीवी कैमरा बंद था।
वहीं निरीक्षण के दौरान नवजीवन डिग्री कॉलेज में इनविजीलेटर के पास छात्रों के मोबाइल फोन मिले। लक्ष्मी देवी आर्य कन्या इंटर कॉलेज का मुख्य गेट बंद था और रिकॉर्ड मेंटेन नहीं था। सबसे चौंकाने वाली स्थिति रुद्रा इंस्टीट्यूट की रही जहां प्राचार्य ने पूरे परीक्षा सत्र में एक भी दिन उपस्थिति पंजिका पर हस्ताक्षर नहीं किए थे। यहां सीसीटीवी का लिंक कंट्रोल रूम से नहीं जुड़ा था। एएस कॉलेज में एक छात्र के पास इयरपॉड्स बरामद हुए। एमएसबी कॉलेज भराला में तीन यूएफएम केस दर्ज हुए वहीं परीक्षा व्यवस्था भी पूरी तरह चरमरा चुकी थी और विश्वविद्यालय द्वारा नियुक्त एएस ने अभी तक जॉइन ही नहीं किया था। निरीक्षण के दौरान करीब 20 छात्र स्मार्ट वॉच, मोबाइल और इयरपॉड्स के साथ पकड़े गए। सभी को कड़ी चेतावनी देकर छोड़ा गया। उड़ाका दल ने सभी केंद्रों को तत्काल सुधार के आदेश दिए। विश्वविद्यालय ने साफ कहा है कि परीक्षा की शुचिता से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं होगा और सचल दलों का औचक निरीक्षण निरंतर जारी रहेगा।