अमर उजाला का असर
शिक्षकों का संबद्घीकरण बीएसए ने किया समाप्त
मेरठ। जिले में प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालय में 50 से अधिक शिक्षक जिन्हें अलग-अलग स्कूलों में जो संबद्ध किए गए थे। बीएसए सतेंद्र ढाका ने पूर्व में संबद्ध किए गए सभी शिक्षकों का आदेश निरस्त कर दिया है। बीएसए का कहना है कि अब कोई भी शिक्षक जिले में संबद्ध नहीं है। और शिक्षकों को अपने मूल विद्यालय में ही जाना होगा। यदि जांच में कोई भी शिक्षक मूल विद्यालय में नहीं पाया गया तो ऐसे शिक्षकों को वेतन रोकने के साथ विभागीय कार्रवाई भी की जाएगी। जिले में हस्तिनापुर, परीक्षितगढ़, जानी, सरूरपुर ब्लॉक के प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालयों में तैनात शिक्षकों ने अधिकारियों से सांठगांठ कर रजपुरा मेरठ ब्लॉक में मनचाहे स्कूलों में संबद्ध करा लिया गया था। इन शिक्षकों की तैनाती मूल विद्यालय में थी। लेकिन यह मनचाहे स्कूलों में दिखावे की पढ़ाई कर वेतन ले रहे थे। जबकि शासन के निर्देश है कि किसी भी शिक्षक को संबद्ध नहीं नहीं किया जा सकता। अमर उजाला ने बेसिक शिक्षा विभाग के अफसरों के कारनामे की पोल खोली दो बेसिक शिक्षा विभाग के अधिकारियों में हड़कंप मच गया। बीएसए ने कहा की पूर्व में भी अटैचमेंट किए गए शिक्षकों संबद्धता निरस्तीकरण की रिपोर्ट भेजी गई थी। लेकिन पता चला है कि अधिकांश शिक्षक जो पूर्व में अटैचमेंट थे, वह अपने मूल विद्यालय में नहीं पहुंचे। इस संबंध में संबद्ध निरस्त कर दिया गया है।