कस्बे के मोहल्ला भाटवाड़ा में सोमवार सुबह फलावदा से बारात आई थी। फेरे पड़ने से पूर्व दूल्हे ने शराब पी ली। इससे क्षुब्ध दुल्हन ने शादी करने से इनकार कर दिया। इस पर दुल्हन पक्ष ने दूल्हा और उसके परिजनों को बंधक बना लिया। वहीं, बारात को बैरंग लौटा दिया। हालांकि मामला देर रात तक सुलझाने के प्रयास जारी थे। जिसके चलते थाने में शिकायत नहीं की गई।
जानकारी के अनुसार मोहल्ला भाटवाड़ा में फलावदा कस्बे से बारात आई थी। इस दौरान दोस्तों के दबाव में दूल्हे से फेरों से पहले शराब पी ली। जिसके चलते वह दुल्हन के घर नशे में पहुंचा। इसकी जानकारी दुल्हन और उसके परिजनों को हुई। इससे क्षुब्ध दुल्हन ने फेरे लेने से इनकार कर दिया।
इस पर बाराती और घराती पक्ष में अफरा-तफरी मच गई। उन्होंने दुल्हन को किसी तरह मनाने का प्रयास किया परंतु वह अपने फैसले पर अड़ी रही। इसके चलते दुल्हन पक्ष ने दूल्हे और उसके परिजनों को बंधक बना लिया। वे शादी में हुए खर्च की मांग करने लगे। इस पर बारात किसी तरह बैरंग लौट गई। वहीं, दोनों पक्षों के जिम्मेदार लोगों ने समझौता कराने का प्रयास किया। यह कोशिश देर रात तक जारी रही। इसके चलते कोई सा पक्ष भी थाने नहीं गया।
फलावदा संवाददाता के अनुसार दूल्हे के पिता की कुछ समय पूर्व मौत हो चुकी है। उसकी चार बहनें हैं। इनमें से तीन का विवाह हो चुका है। यह माता-पिता का इकलौता पुत्र है। यह मजदूरी करके परिवार का भरण-पोषण करता है। लड़की पक्ष के लोग दो लाख रुपये हर्जाना देने की दबाव बना रहे हैं। परिजनों को कहना है कि दूल्हा ही घर में कमाने वाला है।
उसे ही बंधक बना रखा है। ऐसे में रकम का इंतजाम कर पाना संभव नहीं है। वहीं, सरधना थाना प्रभारी मनोज कुमार मिश्रा का कहना है कि इस बाबत उन्हें जानकारी नहीं है। ऐसी कोई शिकायत भी थाने में नहीं आई है।