ड्रोन से हुई निगरानी, पुलिस-प्रशासन मुस्तैद गोताखोरों ने संभाली विसर्जन स्थल की व्यवस्था
संवाद न्यूज एजेंसी
सरधना। अनंत चतुर्दशी पर शुक्रवार को सरधना में गणेश विसर्जन यात्रा भक्तिमय माहौल में निकाली गई। घरों, मंदिरों और सार्वजनिक पंडालों में स्थापित गणेश प्रतिमाओं को विधि-विधान से विदाई दी गई। श्रद्धालुओं ने मंत्रोच्चार और गणपति बप्पा मोरया के जयकारों के बीच गंगनहर और नानू गंगनहर पुल पर प्रतिमाओं का विसर्जन किया। सुबह से शुरू हुआ विसर्जन का सिलसिला देर शाम तक जारी रहा।
घरों में स्थापित प्रतिमाओं का विसर्जन सुबह से शुरू हो गया था, जबकि सार्वजनिक पंडालों से दोपहर बाद शोभायात्राएं निकाली गईं। मोहल्ला त्यागियान और शिव चौक में आयोजित दस दिवसीय श्रीगणेश महोत्सव का समापन भी प्रतिमाओं के विसर्जन के साथ हुआ। सुबह विशेष पूजा-अर्चना के बाद श्रद्धालुओं ने गणपति को गुलाल अर्पित किया और एक-दूसरे को अबीर लगाकर उत्सव मनाया। विसर्जन यात्राएं अशोक की लाट, गंज बाजार, कालंद चुंगी, बिनौली रोड और तहसील सहित प्रमुख मार्गों से होकर गंगनहर पहुंचीं। रास्ते में जगह-जगह श्रद्धालुओं और सामाजिक संगठनों ने यात्रा का स्वागत किया। सड़कों पर रंग-गुलाल उड़ता रहा और पूरा माहौल गणपति बप्पा मोरया के जयघोष से भक्तिमय बना रहा। सुरक्षा के मद्देनजर यात्रा मार्गों की बिजली आपूर्ति अस्थायी रूप से बंद रखी गई, जिसे यात्रा गुजरने के बाद बहाल कर दिया गया।
ड्रोन से निगरानी, गोताखोर रहे तैनात
विसर्जन यात्रा के दौरान पुलिस-प्रशासन मुस्तैद रहा। एसडीएम उदित नारायण सेंगर, सीओ आशुतोष कुमार और प्रभारी निरीक्षक दिनेश प्रताप सिंह पुलिस बल के साथ तैनात रहे। शोभायात्राएं पूर्व निर्धारित रूट के अनुसार निकाली गईं। ड्रोन कैमरों से यात्रा की निगरानी की गई। गंगनहर पर गोताखोरों की टीम तैनात रही और श्रद्धालुओं को नहर में उतरने से रोकते हुए सुरक्षित विसर्जन में सहयोग किया। इस दौरान शानू जैन, ललित गुप्ता, विक्की सैनी, आशीष विश्वकर्मा, अनिकेत गुप्ता, यश, ऋषभ जैन, मनोज, मोहित, दिव्या प्रवीण, सागर, शुभम, सौरभ और राजू सहित अन्य श्रद्धालु मौजूद रहे।