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मेरठः बद्दो के बेटे सिकंदर पर एक लाख होगा ईनाम, आज आ सकती फेसबुक मुख्यालय से रिपोर्ट

Mon, 10 Feb 2020 01:33 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ 
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कुख्यात बदन सिंह बद्दो - फोटो : social media
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2.50 लाख के इनामी मोस्ट वांटेड बदन सिंह बद्दो की फेसबुक पोस्ट के मामले में पुलिस और एजेंसी मान रही हैं कि नीदरलैंड से लोकेशन दर्शाने के लिए फर्जी एप का सहारा लिया गया। 
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बद्दो की फरारी के मामले में जो जेल गए थे उन लोगों की भी पुलिस और एसटीएफ गोपनीय जांच कर रही है। वहीं, बद्दो की फरारी में शामिल बताए गए उसे बेटे सिकंदर पर एक लाख ईनाम करने की तैयारी है।

कुख्यात बद्दो 28 मार्च 2019 को मेरठ से पुलिस कस्टडी से फरार हुआ था। फरारी के बाद से उसका कोई सुराग नहीं लगा। लंबे समय के बाद 4 फरवरी को बद्दो की फेसबुक आईडी से पोस्ट डाली गई थी। उसकी लोकेशन नीदरलैंड की बताई गई। लेकिन पुलिस अधिकारी मान रहे हैं कि गुमराह करने के लिए फर्जी लोकेशन डाली गई है। 
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पुलिस ने फेसबुक मुख्यालय कैलिफोर्निया से रिपोर्ट मांगी है, जो सोमवार को मिल सकती है। पुलिस अंदेशा जता रही है कि बद्दो भारत या नेपाल में छिपा हो सकता है। एसएसपी अजय साहनी का कहना है कि सोमवार को फेसबुक मुख्यालय से रिपोर्ट आ सकती है। बद्दो के बेटे सिकंदर पर अभी तक 50 हजार का इनाम घोषित है, जो बढ़ाकर एक लाख करने की संस्तुति भेजी जा रही है।

लोकेशन से पुलिस कन्फ्यूज
ढाई लाख के इनामी मोस्ट वांटेड बदन सिंह बददो ने पूर्व डीजीपी बृजलाल और केबिल कारोबारी रोमी के खिलाफ फेसबुक पर पोस्ट डालकर पुलिस महकमे में खलबली मचा दी है। बद्दो की लोकेशन नीदरलैंड है या पंजाब में या फिर किसी तीसरी जगह, इसको लेकर मेरठ पुलिस अटकी हुई है। फिलहाल पुलिस किसी नतीजे पर नहीं पहुंची है।

कुख्यात बदन सिंह बद्दो 28 मार्च 2019 को मेरठ से पुलिस कस्टडी से फरार हुआ था। उसकी फरारी के बाद रविंद्र गुर्जर और संजय गुर्जर के परिजनों को जान का खतरा बना है। आरोप है कि रविंद्र के अलावा संजय की हत्या की पटकथा बद्दो ने रची थी। रंगदारी न देने पर बद्दो ने स्कूल संचालक राजेश दीवान को भी धमकी दी थी। 

एसएसपी अजय साहनी का कहना कि फेसबुक के मुख्यालय कैलिफोर्निया को चिट्ठी भेजी है ताकि बद्दो की पोस्ट का सच पता लग सके। बद्दो की फरारी के बाद उसके खिलाफ मार्च 2019 में ही लुकआउट नोटिस जारी कराया गया था, जो एक साल तक मान्य है। अंदेशा कि बद्दो विदेश नहीं गया। नीदरलैंड से लोकेशन डालने के पीछे उसका क्या मकसद है, इसकी भी जांच की जा रही है।
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