आकाश के पिता घसीटू, जो परचून का सामान सप्लाई करते हैं, ने बताया कि बेटे की हालत बिगड़ने के बावजूद बीमारी का पता नहीं चल सका।
गांव में एक सप्ताह के भीतर यह तीसरी मौत है, जिससे ग्रामीणों में दहशत फैल गई है। लोगों ने स्वास्थ्य विभाग से तत्काल कार्रवाई और जांच की मांग की है। मौत के बाद परिवार में कोहराम मचा हुआ है, जबकि गांव के लोग अब बीमारी को लेकर चिंतित हैं।
अधिकारियों की प्रतिक्रिया
सीएमओ डॉ. अनिल कुमार ने बताया कि उन्हें मामले की जानकारी नहीं है, लेकिन बाबरी में जल्द ही स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया जाएगा ताकि बीमारी के फैलाव की जांच की जा सके।