खुद के अपहरण का नाटक रचने वाले पूर्व बसपा नेता आरिफ जौला पर पुलिस शिकंजा कसने की तैयारी कर रही है। पुलिस मामले में पुख्ता सुबूत जुटाने में लगी है, ताकि आरिफ के खिलाफ कार्रवाई की जा सके। सूत्रों के अनुसार दो दिन पहले आरिफ की लोकेशन चंडीगढ़ ट्रेस होने पर पुलिस को यह शंका होने लगी थी कि वह अपनी मर्जी से गायब हुआ है। शनिवार कोे वह लौटा तो सारा मामला खुल गया। आरिफ ने बताया था कि वह मनाली के होटल के अलावा चंडीगढ़ और पानीपत में भी रहा। अब पुलिस इन तीनों स्थानों पर जाकर पड़ताल करेगी।
पुलिस मान रही है कि आरिफ के साथ रहने वाले लोग भी मामले में शामिल हो सकते हैं। सूत्रों के अनुसार मामला राजनीतिक होने की वजह से पुलिस इस केस में पुख्ता सबूतों के आधार पर ही आरिफ की घेराबंदी करना चाहती है, ताकि बाद में कोई बखेड़ा न हो।
कांवड़ यात्रा के बाद होगी गिरफ्तारी
आरिफ गायब होने के बाद लोगों ने जमकर हंगामा प्रदर्शन किया था। मामले में पुलिस ने छह नामजद सहित 150 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। सूत्रों के अनुसार पुलिस इन लोगों की गिरफ्तारी कांवड़ यात्रा के बाद कर सकती है। दरअसल पुलिस को आशंका है कि यदि उनकी गिरफ्तारी अभी की गई तो माहौल खराब हो सकता है।