रामलीला मैदान में गणेश चतुर्थी महोत्सव में सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन
संवाद न्यूज एजेंसी
हस्तिनापुर। कस्बे के रामलीला मैदान में भारतीय पांडव सेना के तत्वावधान में चल रहे गणेश चतुर्थी महोत्सव में बुधवार को पांचवें दिन गणपति बप्पा की विशेष पूजा-अर्चना की गई। ब्लॉक प्रमुख नितिन पोसवाल मुख्य यजमान रहे। उन्होंने गणपति बप्पा को 51 किलो के लड्डू का भोग लगाया और विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर क्षेत्र में सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। महोत्सव में श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश के जयकारे लगाए।
भारतीय पांडव सेना के निदेशक रणधीर उपाध्याय ने गणपति पूजा के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि हिंदू पंचांग के अनुसार भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी को गणेश चतुर्थी का पर्व मनाया जाता है। भगवान शिव और माता पार्वती के पुत्र गणेश के जन्मोत्सव के रूप में मनाए जाने वाले इस पर्व को विनायक चतुर्थी भी कहा जाता है।भगवान गणेश को बुद्धि, विवेक और सिद्धि का दाता माना गया है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार वह भक्तों को ज्ञान, सफलता और मोक्ष का मार्ग प्रदान करते हैं।
पांचवें दिन पंडित सतीश चंद्र मौर्य ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ गणपति बप्पा को भोग लगाने की सभी क्रियाएं संपन्न कराई। उन्होंने कहा कि धार्मिक मान्यता है कि गणेश जी की उपासना से मनुष्य को सद्बुद्धि प्राप्त होती है और वह जीवन के उच्च लक्ष्य की ओर अग्रसर होता है।पूजा के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश का स्मरण कर आशीर्वाद प्राप्त किया। पूजा के बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। इस अवसर पर भारतीय पांडव सेना के पदाधिकारी, कार्यकर्ता और श्रद्धालु मौजूद रहे।