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भाजपा पार्षद और कर्मचारी में समझौता, 19 को निगम की बोर्ड बैठक

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मेरठ..कंवलजीत..सूरजकुंड महापौर केम्प कार्यालय पर पार्षद व कर्मचारी के परिजनों का समझौता कराते भ - फोटो : kathua
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मेरठ। सूरजकुंड वाहन डिपो पर गोलीबारी की घटना को लेकर निगम के पार्षदों व कर्मचारियों के बीच पांच दिन से चल रहे विवाद पर सोमवार को विराम लग गया है। महापौर कैंप कार्यालय में राज्यमंत्री सोमेंद्र तोमर, महापौर हरिकांत अहलूवालिया, विधायक अमित अग्रवाल, एमएलसी धर्मेंद्र भारद्वाज सहित भाजपा नेताओं के सामने पार्षद रविंद्र और कर्मचारी अविनाश के परिवार ने आपस में समझौता करने की बात कही। वहीं, नगर निगम बोर्ड की बैठक 15 की बजाय 19 अप्रैल को होगी। एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह का कहना कि समझौते से पुलिस का लेनादेना नहीं है। कोर्ट की कस्टडी में पार्षद का इलाज मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में चल रहा है। नामजद सभी आरोपियों की तलाश में पुलिस की दबिश जारी है।
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घटना 10 अप्रैल को सूरजकुंड डिपो में हुई थी। वार्ड-18 में कूड़ा गाड़ी न पहुंचने पर स्थानीय भाजपा पार्षद रविंद्र ने अपने 20 साथियों के साथ सूरजकुंड डिपो पर पहुंचकर कर्मचारियों पर फायरिंग कर दी थी। एक गोली कूड़ा गाड़ी चालक अविनाश के पैर में लग गई थी। इस घटना को लेकर कर्मचारियों ने हड़ताल और पार्षद के पक्ष में अनुसूचित समाज ने निगम के सभी पार्षदों को साथ लेकर कालियागढ़ी में महापंचायत की थी। यह विवाद लगातार बढ़ता जा रहा था। दोनों पक्ष एक-दूसरे पर आरोप लगाकर फिर से हड़ताल और महापंचायत का एलान कर चुके थे। इससे शहर में कूड़ा न उठने के साथ-साथ सफाई व्यवस्था भी चौपट होने लगी थी। सोमवार को महापौर कैंप कार्यालय में गोली लगने से घायल कर्मचारी अविनाश कुमार के पिता रतन सिंह, भाई-बहन और दूसरे पक्ष यानी पार्षद रविंद्र की पत्नी ममता सहित परिवार के लोग पहुंच गए। दोनों परिवार ने आपस में समझौता करने की बात भाजपा नेताओं के सामने कही।

निगम के परिवार का हिस्सा हैं पार्षद और कर्मचारी
पार्षद रविंद्र और कर्मचारी अविनाश के बीच समझौता हो गया। इसकी जानकारी लगने पर पार्षद पंकज गोयल, संजय सैनी, पवन चौधरी, फजल करीम सहित दस पार्षद भी सूरजकुंड स्थित महापौर के कैंप कार्यालय में पहुंच गए। पार्षदों ने कहा कि कर्मचारी और पार्षद निगम के परिवार का हिस्सा हैं। भाजपा पार्षद दीपक वर्मा का कहना है कि दोनों पक्षों के बीच आपसी सहमति से समझौता होना निगम के हित में है। नगर निगम अफसरों की लापरवाही के चलते यह घटना हुई हैं। उनके खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए। वहीं, सफाई कर्मचारी नेता कैलाश चंदोला, रविंद्र वैद्य, विनेश विद्यार्थी, बिजेंद्र लोहरे, आकाश काशी, विपिंद्र सुधा ने भी महापौर से मुलाकात कर समझौते पर सहमति जताई हैं।
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बाहरी लोग फैला रहे थे अराजकता
महापौर हरिकांत अहलूवालिया ने कहा कि नगर निगम के कर्मचारी और पार्षदों में बेहतर तालमेल है। सूरजकुंड डिपो में दुर्भाग्यपूर्ण घटना हुई थी। इसमें कुछ बाहरी लोग अराजकता फैलाने का काम कर रहे थे। कर्मचारी और पार्षद के परिवार ने आपस में समझौता कर लिया है। नगर निगम द्वारा शहर के विकास कार्य कराए जा रहे हैं, जोकि कुछ लोगों को गवारा नहीं हो रहा है। कर्मचारियों की हड़ताल और पार्षदों की महापंचायत में भी कुछ लोगों ने बेवजह की बात की है।

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गोली चलाने वालों को जेल भेजेंगे
कर्मचारी को गोली लगी है। आरोपी पार्षद का इलाज चल रहा है। इस घटना में जो भी आरोपी हैं, उनको पुलिस गिरफ्तार करेगी और जेल भी भेजेगी। इस समझौते से पुलिस को कोई लेना-देना नहीं है। पुलिस कानूनी कार्रवाई करेगी। -विपिन ताडा, एसएसपी।

पार्षद रविंद्र के परिवार पर दबाव बनाकर यह समझौता कराया गया है। कर्मचारियों ने सूरजकुंड डिपो में पार्षद को घेरकर हमला किया हैं। इसके सुबूत भी हैं। कर्मचारियों पर कार्रवाई होनी चाहिए। कोर्ट में अपील करेंगे। रविकांत, अध्यक्ष, शोषित क्रांति दल।
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