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मौत के पौने दो साल बाद दो सुसाइड नोट मिलने का दावा    

Tue, 23 May 2017 02:58 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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 डॉ. शालिनी आर्या की मौत के चर्चित प्रकरण में सोमवार को नया मोड़ आ गया। शालिनी के पति डॉ. विशाल ने शालिनी द्वारा खुदकुशी करने का दावा करते हुए कहा कि शालिनी के दो सुसाइड नोट उनकी अलमारी से मिला है। यह कागज एसएसपी को सौंपकर निष्पक्ष जांच की मांग की गई। वहीं, चर्चा है कि पुलिस ने सर्च वारंट लेकर घर का कोना-कोना खंगाला था तो अब पौने दो साल बाद सुसाइड नोट कहां से आ गए।
सदर बाजार थानाक्षेत्र अंतर्गत थापर नगर निवासी डॉ. शालिनी आर्या को 30 सितंबर को जहरीला पदार्थ का सेवन करने के मामले में अस्पताल में भर्ती कराया गया था। करीब 27 घंटे बाद इलाज के दौरान डॉ. शालिनी ने दम तोड़ा था। इस मामले में शालिनी के पिता ने उनके पति डॉ. विशाल आर्या और सास वीना आर्या के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कराया था। जांच और फोरेंसिक लैब रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने यह केस धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) में तरमीम किया था। हाई प्रोफाइल मामले के चलते पुलिस ने कोर्ट से डॉ. विशाल के घर का सर्च वारंट लिया था। 
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पुलिस ने उस समय दावा किया था कि घर से ऐसा कोई सुबूत नहीं मिला, जिससे साबित हो जाए कि डॉ. शालिनी ने खुदकुशी की है। इस मामले में डॉ. विशाल और उनकी मां वीना आर्या को जेल जाना पड़ा था। जेल से जमानत पर छूटने के पौने दो साल बाद विशाल ने दावा किया है कि शालिनी की अलमारी से दो सुसाइड नोट मिले हैं। जिनमें लिखा है कि वह अपनी मौत की खुद जिम्मेदार है। उसने किसी पर कोई आरोप नहीं लगाया। सोमवार दोपहर डॉ. विशाल ने एसएसपी ऑफिस पहुंचकर शालिनी के कथित सुसाइड नोट सौंपे।

हत्या में जेल काटी, बेटियां दिलवा दो 
डॉ. विशाल आर्या ने एसएसपी से गुहार लगाते हुए दावा किया कि छह माह पत्नी की हत्या के मामले में जेल काटनी पड़ी। सुसाइड नोट की आप जांच करा लें। उसकी दो बेटियां हैं, जोकि शालिनी के बहन और बहनोई के पास हैं। दोनों बच्चियां मुझे दिलवा दो। एसएसपी जे. रविंदर गौड़ ने बताया कि मामले की जांच कराई जाएगी। बच्ची तो कोर्ट के आदेश पर ही दी जा सकती हैं।
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पुलिस की ये कैसी तलाशी 
डॉ. शालिनी आर्या की मौत का मामला शहर में काफी चर्चित रहा था। पुलिस पर भी शालिनी के परिजनों ने आरोप लगाए थे। फोरेंसिक रिपोर्ट भी तीन बार आगरा से भेजी गई। आश्चर्य की बात है कि पुलिस ने डॉ. शालिनी का सामान बारीकी से देखने का दावा किया था। क्योंकि बड़ा सवाल था कि शालिनी की हत्या हुई या उन्होंने आत्महत्या की है। जिस अलमारी से सुसाइड नोट मिला है, इसकी भी तलाशी ली गई थी। पुलिस की कार्यशैली पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं कि इतने गंभीर मामले में लापरवाही क्यों की गई।
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