मेरठ। दीपावली से पहले आबूलेन सोलर लाइटों से जगमग हो गया। 11 पोल पर 22 लाइटें लगाई गई हैं। व्यापारियों ने भी आबूलेन को सुंदर तरीके से सजाया है। डेढ़ महीने से आबूलेन पर अंधेरा पसरा था।
20 अक्तूबर 2015 को कैंट बोर्ड के तत्कालीन सीईओ राजीव श्रीवास्तव ने आबूलेन पर 11 सोलर लाइटों और फाउंटेन का उद्घाटन किया था। ये लाइटें और फाउंटेन ठेकेदार तनुज कुमार ने लगाई थीं। बेगमपुल से दास मोटर्स तक लगाए गए इस सामान की लागत ठेकेदार ने 4.69 लाख रुपये बताई थी। डेढ़ महीने पहले ठेकेदार ने सीईओ को पत्र लिखकर बताया था कि चार साल से उसका भुगतान नहीं किया गया। जिसके बाद ठेकेदार ने यहां लगी सारी लाइटें उतार लीं थी। इस मामले में व्यापारी कैंट बोर्ड अफसरों से शहर के मुख्य मार्केट में लाइटें लगाने की मांग कर रहे थे। बोर्ड बैठक में सदस्यों ने भी मांग रखी थी कि दीपावली पर आबूलेन अंधेरे में नहीं रहना चाहिए। कैंट बोर्ड ने यहां पर लाइटें लगाने के लिए टेंडर निकाला और बृहस्पतिवार को लाइटें लग गईं। शुक्रवार शाम को लाइटें जल गईं हैं। एई पियूष गौतम ने बताया कि 11 पोल पर 22 लाइटें लगाई गई हैं। आबूलेन व्यापार संघ के सरदार नरेंद्र सिंह ने लाइटें लगने पर कैंट बोर्ड के अधिकारियों को धन्यवाद कहा है।