पुलिस भर्ती परीक्षा के चलते तीसरे दिन भी अभ्यर्थियों की भीड़ के सामने रोडवेज और रेलवे की हालत खस्ता रही। पर्याप्त बसों का इंतजाम नहीं होने और ट्रेनों में अतिरिक्त कोच नहीं लगाने से अभ्यर्थियों को बस की छत और ट्रेनों के पायदान पर खड़े होेकर यात्रा करनी पड़ी। भीड़ के चलते आम यात्रियों को खासकर महिला और बुजुर्गों को परेशान होना पड़ा।
सोमवार को शुरू हुई पुलिस भर्ती परीक्षा के लिए अभ्यर्थियों का रैला रविवार से ही मेरठ पहुंचना शुरू हो गया था। इसके अलावा बाहर सेंटरों पर परीक्षा देने वाले अभ्यर्थी भी अपने सेंटरों के लिए रवाना होने लगे थे। जिला प्रशासन के निर्देश पर रोडवेज ने पर्याप्त बसों का इंतजाम करने का दावा किया गया था, लेकिन अभ्यर्थियों की भीड़ के आगे इंतजाम बौने साबित हुए। पर्याप्त बसें नहीं मिलने पर अभ्यर्थियों को जान जोखिम में डालकर बसाें की छत पर बैठकर सफर करना पड़ा। वहीं रेलवे ने भी न तो कोई स्पेशल ट्रेन का इंतजाम किया और न ही पहले से चल रही ट्रेनों में अतिरिक्त कोच बढ़ाए। ट्रेनों में भी अभ्यर्थियों की भारी भीड़ उमड़ी। अभ्यर्थी विकलांग कोच से लेकर महिला कोच तक कब्जा कर जा रहे हैं। मंगलवार को भी सोमवार जैसा ही हाल रहा। सिटी स्टेशन से जाने वाली अधिकतर ट्रेनों में अभ्यर्थियों का कब्जा रहा। इस बारे में आरएम नीरज सक्सेना ने बताया कि बसों का पूरा इंतजाम किया गया था। जाम में बसों के फंसने के कारण दिक्कत हुई।