फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दबाव में है युवती, होनी चाहिए सीबीआई जांच

Wed, 15 Oct 2014 05:32 AM IST
Meerut
विज्ञापन
विज्ञापन
मेरठ। खरखौदा में गैंगरेप और धर्मांतरण मामले में दो माह पूर्व दिये गये भाजपा और हिंदू संगठनों के नेताओं के बयान आज भी वही है। युवती ने भले ही पूरे मामले को नया मोड़ दे दिया हो, लेकिन ये नेता इसे दबाव में युवती द्वारा बयान बदलना कह रहे हैं। यही नहीं एक बार फिर से भाजपा नेताओं ने पुलिस पर अविश्वास जताते हुए इस पूरे मामले की सीबीआई जांच की बात दोहराई है।
विज्ञापन


इस प्रकरण में पुलिस की भूमिका पहले ही दिन से संदिग्ध रही है। इस तरह से बार-बार सरकार के दबाव में पुलिस की भूमिका उभरकर आ रही है। यह आवश्यक है कि इस मामले की उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए, चाहे वह सीबीआई ही क्यों न हो। हम आज भी अपने पहले बयान पर कायम हैं। भाजपा हर उस बच्ची के साथ है, जिसका धोखा देकर उत्पीड़न किया गया हो, चाहे वह किसी भी मजहब की है।
डा. लक्ष्मीकांत वाजपेयी, प्रदेश अध्यक्ष भाजपा

लड़की के साथ गैंग रेप, धर्मांतरण का मामला हुआ है। मैं आज भी अपने कथन पर कायम हूॅं। युवती आज जो कह रही है वह किसी न किसी दबाव में दिया गया बयान है। इस दबाव के पीछे कौन है, इसकी जांच आवश्यक है। इसी के लिए मैने संसद में सीबीआई जांच की मांग की थी।
विज्ञापन

राजेंद्र अग्रवाल, सांसद मेरठ लोकसभा क्षेत्र

लड़की गरीबी के कारण आरोपियों की शरण में गयी है। उसने कलीम को पहले भी बचाया और आज भी बचा रही है। मैंने तब भी कहा था कि यह तीसरे चरण का जेहाद है और आज भी कहता हूॅं कि यह तीसरे चरण का जेहाद है। इसकी सीबीआई जांच जरूरी है।
अमित अग्रवाल, संयोजक भाजपा स्थानीय निकाय प्रकोष्ठ

इसके अंदर षड़यंत्र है। युवती ने बयान क्यों बदले यह तो वही बता सकती है, लेकिन पहले ही दिन से पुलिस की गलत विवेचना इसका बड़ा कारण है। जब लड़की के बयान में कलीम था ही नहीं तो उसे बीच में क्यों लाया गया। पुलिस ने लगातार मुल्जिम बदले, धारा बदली और जो चाहा वो अब करा लिया। यही नहीं लड़की की सुरक्षा हटाने के कारण यह हुआ है। अब इसकी सीबीआई जांच होनी चाहिए। क्योंकि यह लव जेहाद का बड़ा षड़यंत्र है।
विज्ञापन

संदीप पहल एडवोकेट, अध्यक्ष सच संस्था
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें