मेरठ। शहर में मंगलवार को ट्रैफिक पुलिसकर्मी करीब तीन घंटे तक गायब रहे और शहर जाम से जूझता रहा। इस दौरान होमगार्ड ही चौराहे चलाते नजर आए। लेकिन चौराहों के अलावा मुख्य स्थानों पर भी जाम खुलवाने में बेबस नजर आए।
दरअसल दोपहर एक बजे से तीन बजे तक ट्रैफिक कार्यशाला में ये सभी पुलिसकर्मी हिस्सा लेने गए थे। उसी समय स्कूलों की छुट्टी का समय हो चुका था। दोपहर दो बजे के करीब सूरजकुंड चौराहे पर जाम लगा था। स्कूल बस, आटो और रिक्शा भी जाम में फंसे थे। चौराहे पर मौजूद एक होमगार्ड बेबस नजर आया। इस बीच जाम में फंसी पुलिस की जीप से दो सिपाहियों ने उतरकर किसी तरह जाम खुलवाया। वहीं, ईस्टर्न कचहरी रोड, बच्चा पार्क चौराहा, घंटाघर चौराहा, हापुड़ अड्डा चौराहा भी जाम में फंसे रहे।
पल्हैड़ा चौराहा भी जाम से जूझा
मोदीपुरम। हाइवे पर पल्हैड़ा चौराहा पर शाम करीब सात बजे से रुक रुककर जाम लगता रहा। जाम इतना था कि सर्विस रोड से भी निकलना मुश्किल हो गया। यात्री करीब डेढ़ घंटे तक जाम में फंसे रहे और पुलिस नदारद रही। व्यापारियों का कहना है कि यह जाम का नया केंद्र बन गया है। यहां ट्रैफिक पुलिस कर्मी की भी मांग की गई। लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। तेजी से वाहन के आने के कारण यहां पर दुर्घटनाए भी बढ़ती जा रही है।