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फ्लैग मार्च से शांति का संदेश, छात्र संघ से सहयोग की अपील

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मेरठ। पुलिस-प्रशासन ने छात्रों, व्यापारियों और जनता से अपील की है कि अफवाहों पर ध्यान न दें। बेहिचक स्कूल-कॉलेज और बाजारों में जाएं। छात्रों से भी आह्वान किया है कि वे अपना फोकस पढ़ाई पर रखें। सोशल मीडिया पर चल रही अफवाहों में न आएं। किसी भी तरह की देश विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के बजाय पुलिस-प्रशासन का सहयोग करें।
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सोमवार को एडीएम सिटी मुकेश चंद्र और एसपी सिटी मान सिंह चौहान ने मेरठ कॉलेज और सीसीएसयू के बृहस्पति भवन सभागार में छात्रों और छात्र संघ नेताओं के साथ बैठक की। दोनों अधिकारियों ने छात्रों से कहा कि बंद को लेकर कोई भी संगठन आगे नहीं आया है। लेकिन सोशल साइटों पर इसे लेकर चल रहे मैसेज लोगों को भ्रमित कर रहे हैं। छात्र किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें। छात्र नेता भी अपने स्तर से छात्रों को इसके प्रति जागरूक करें। मेरठ कॉलेज छात्र संघ के अध्यक्ष शुभम मलिक ने कहा कि उनकी ओर से बंद का कोई आह्वान नहीं है। छात्रों से भी अपील की है कि वे बंद को लेकर चल रहीं अफवाहों पर ध्यान न दें। छात्र शहर का माहौल खराब नहीं होने देंगे और पुलिस-प्रशासन का पूरा सहयोग करेंगे। इस दौरान प्राचार्य युद्धवीर सिंह, छात्र संघ अध्यक्ष सौरभ सिंह, अंकित, नितिन राणा आदि मौजूद रहे।
फ्लैग मार्च निकाला
एडीएम सिटी और एसपी सिटी ने सोमवार शाम शहर के अलावा मेडिकल, कुटी चौराहा, पीवीएस मॉल, जयदेवी नगर, नौचंदी, शेरगढ़ी आदि क्षेत्रों में फ्लैग मार्च निकाला। इस दौरान व्यापारियों और आम लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की। कहा कि मंगलवार 10 अप्रैल को बेहिचक दुकान खोलें और लोग बाजारों में जाएं। इस दौरान आरएएफ और पीएसी के जवानों के अलावा संबंधित सीओ और थानेदार मौजूद रहे।
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सोशल मीडिया पर भी बदले वायरल मैसेज
दस अप्रैल को एक और भारत बंद को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल हुए मैसेज भी बदल गए हैं। पहले सोशल मीडिया पर मैसेज चल रहा था कि दस अप्रैल को एक और भारत बंद। लेकिन विभिन्न संगठनों के पदाधिकारियों ने अब इन मैसेजों को बदलते हुए कहा कि दस अप्रैल को कोई भारत बंद नहीं है। ऐसी अफवाहों पर कोई भी ध्यान न दे। पुलिस-प्रशासन नेे सुरक्षा की पूरी तैयारी की है। कोई भी बंद का समर्थन नहीं करता है। सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस-प्रशासन को सहयोग दें।
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