मेरठ। सिटी स्टेशन स्थित रेलवे की पार्किंग में पुलिस वालों के फ्री में खड़े होने वाले वाहनों का मामला गरमाने लगा है। ठेकेदार के ठेका चलाने से हाथ खड़े करने के पत्र के बाद स्टेशन अधीक्षक ने डीआरएम आरएन सिंह और एसएसपी मंजिल सैनी को पत्र लिखकर मामले से अवगत करा दिया है।
यात्रियों की सुविधा के लिए रेलवे ने अपने सभी स्टेशनों पर वाहन पार्किंग की सुविधा दी है। सिटी स्टेशन पर टू और फोर व्हीलर वाहनों के लिए दो पार्किंग है। पार्किंग ठेकेदार विनोद कुमार ने पिछले दिनों स्टेशन अधीक्षक आरपी शर्मा से मुलाकात कर शिकायती पत्र सौंपा था। उन्होंने करीब 200 पुलिस कर्मियों द्वारा अपने वाहन फ्री में खड़े करने और पार्किंग शुल्क मांगने पर भुगत लेने की धमकी देने के आरोप लगाए गए थे। ठेकेदार का कहना है कि पुलिस वालों के वाहनों से ही पार्किंग स्थल फुल हो जाता है। दूसरे वाहनों के खड़े होने की जगह नहीं बचती है। इससे उन्हें घाटा हो रहा है। अगर यही हाल रहा तो वह ठेके की किस्त नहीं दे पाएगा।
स्टेशन अधीक्षक आरपी शर्मा ने डीआरएम आरएन सिंह और एसएसपी मंजिल सैनी को पत्र भेजकर मामले की शिकायत की है। पत्र में पुलिस कर्मियों को हिदायत देने की मांग की गई है।
कई-कई दिन खड़े रहते हैं वाहन
ठेकेदार विनोद कुमार का कहना है कि मेरठ से अन्य जिलों में नौकरी करने वाले पुलिस कर्मी अपने वाहनों को पार्किंग में खड़े करके जाते हैं। दिल्ली पुलिस कर्मी भी अपने वाहनों को यहीं खड़े करके जाते हैं। ये पुलिस वाले कई-कई दिन बाद आकर अपने वाहनों को उठाते है। पार्किंग शुल्क मांगने पर धमकाया जाता है।
मामला संज्ञान में नहीं
मामला संज्ञान में नहीं है कि सिटी रेलवे स्टेशन की पार्किंग में पुलिसकर्मी वाहन खड़ा करते हैं और पार्किंग का शुल्क भी नहीं देते। स्टेशन अधीक्षक का पत्र आने के बाद जांच कर कार्रवाई की जाएगी। - मंजिल सैनी दहल, एसएसपी