12वीं के बाद सही कॉलेज दिखाएगा सही राह
मेरठ।
यूपी बोर्ड, आईसीएसई व सीबीएसई बोर्ड की बारहवीं की परीक्षाएं चल रही हैं। छात्रों के सामने परीक्षा के साथ ही बड़ी परेशानी ये है कि बारहवीं के बाद क्या करें। कौन सा कॉलेज चुनें जो पढ़ाई के साथ करियर को सही आकार दे। अगर मेडिकल, इंजीनियरिंग की प्रवेश परीक्षा में चयन नहीं हुआ, तो कौन सी डिग्री लें। इस तरह के सवाल इस वक्त हर छात्र के जेहन में हैं। जो तनाव का बड़ा कारण है। 12वीं के बाद उच्च शिक्षा के लिए स्ट्रीम के आधार पर कौन से विकल्प चुन सकते हैं, उनकी जानकारी देती यह रिपोर्ट....
सरकारी के साथ निजी कॉलेज भी विकल्प
डीयू, बीएचयू, एएमयू या स्थानीय विवि से संबंध कॉलेजों के अलावा देश में कुछ अच्छे निजी डिग्री कॉलेज भी हैं, जहां छात्रवृत्ति के साथ छात्रों को शिक्षित किया जाता है। इसमें अशोका कॉलेज दिल्ली, फ्लेम, सिंबोयसिस पुणे, जिंदल कॉलेज प्रमुख हैं।
परंपरागत कोर्स के साथ प्रोफेशनल कोर्स
विज्ञान, गणित और कला वर्ग से पढ़ाई करने के बाद केवल बीए, बीकॉम या बीएससी ही करियर का अंतिम विकल्प नहीं है। अब बीबीए, बीसीए, बीजेएमसी, बीवॉक, बीएफए, बीलिब, बीएचएमएस, बीलिड, बी डिजायनिंग जैसे कई प्रोफेशनल कोर्स हैं जो कॉलेजों में कराए जा रहे हैं। सीधे स्नातक की डिग्री व डिप्लोमा दोनों प्रदान करते हैं।
परंपरागत से हटकर चुनें लिबरल स्टडीज
विदेशों की तर्ज पर देश में कई शिक्षण संस्थानों ने पढ़ाई का नया तरीका इजाद किया है। जिसे सरकारी मान्यता मिल चुकी है। इसे लिबरल स्टडीज नाम दिया है। किसी भी स्ट्रीम से 12वीं करने वाला छात्र मनचाहे विषयों को लेकर पढ़ाई कर सकता है। स्ट्रीम की कोई सीमा लिबरल स्टडीज में नहीं हैं। इस सिस्टम में छात्र से उसके मनपसंद विषय पूछे जाते हैं, जिन्हें वो पढ़ना चाहे। वो विषय जो भी हो, संस्थान उन विषयों क ो मिलाकर एक नया कोर्स विकसित करता है। उसी आधार पर छात्र को डिग्री दी जाती है। देश में अशोका, फ्लेम, सिंबोयसिस, जिंदल कॉलेज में लिबरल स्टडीज से शिक्षा दी जा रही है। यहां अर्थशास्त्र के साथ पब्लिक पॉलिसी, राजनीति शास्त्र के साथ अंतर्राष्ट्रीय संबंध, समाजशास्त्र के साथ सोशल वर्क, अंग्रेजी ऑनर्स के साथ क्रिएटिव राइटिंग, इतिहास के साथ मानव सभ्यता विज्ञान व पुरातत्व सर्वे की जानकारी, भूगोल के साथ जियोसाइंस को मिलाकर नया कोर्स बनाते हैं।
कला स्ट्रीम में उच्च शिक्षा के प्रमुख संस्थान
छात्रों के पास कला विषय है, तो विभिन्न विषयाें में बीए के लिए दिल्ली विवि श्रेष्ठ विकल्प है। डीयू से संबंध लेडीश्रीराम, मिरांडा हाउस, नॉर्थ कैंपस, डीएवी, वेंकटेश्वरा, कमला नेहरू कॉलेज, गार्गी कॉलेज प्रमुख हैं। मुंबई विवि के केजी सुमैय्या, मीठी बाई कॉलेज, जयहिंद, सोफिया, विल्सोनिया, फरग्यूसन कॉलेज पुणे प्रमुख हैं।
विज्ञान स्ट्रीम में उच्च शिक्षा के प्रमुख संस्थान
विज्ञान से पढ़ाई के बाद अगर मेडिकल की लाइन में नहीं जाना या सिलेक्शन नहीं हुआ तो सामान्य बीएससी के बजाय दूसरे विषयों को चुन सकते हैं। बीएससी एग्रीकल्चर, बीएससी कंप्यूटर साइंस, बीएससी वोकेशनल स्टडीज प्रमुख हैं। डीयू, इंद्रप्रस्थ विवि दिल्ली, जामिया मिलिया, बीएचयू, कानपुर विवि, लखनऊ विवि कैंपस, सरदार वल्लभभाई पटेल विवि मोदीपुरम मेरठ, मुंबई विवि, अलीगढ़ मुस्लिम विवि व बंगलुरु विवि प्रमुख हैं। जहां ये सभी पाठ्यक्र म उपलब्ध हैं। एग्रीकल्चर की पढ़ाई के लिए गोविंद वल्लभपंत कॉलेज पंतनगर व सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि विवि मोदीपुरम मेरठ प्रमुख संस्थान हैं।
वाणिज्य वर्ग में ये संस्थान प्रमुख
कॉमर्स स्ट्रीम के छात्रों के लिए बीकॉम के अतिरिक्त इको ऑनर्स, बीकॉम ऑनर्स, बीएएमएस, कोर्स प्रमुख हैं। डीयू के श्रीराम कॉलेज, दिल्ली विवि कैंपस, लेडी श्रीराम, इंद्रप्रस्थ कॉलेज, शहीद भगत सिंह कॉलेज, वेेंकटेश्वरा कॉलेज, खालसा कॉलेज कॉमर्स की उच्च शिक्षा के लिए प्रमुख हैं। जहां 99 प्रतिशत तक मेरिट पर प्रवेश मिलता है। बीएचयू कैंपस, पूना विवि कैंपस भी प्रमुख है। मुंबई विवि से जुड़े केसी कॉलेज, जयहिंद कॉलेज, मीठीबाई, जेेवियर्स, जिडास, केजी सुमैय्या, सोफिया कॉलेज भी अच्छे कॉलेज हैं। निजी कॉलेजों में अमिटी, गलगोटिया, शिवनदार व जेपी कॉलेज भी अच्छी शिक्षा देते हैं।
फोटो मेरठ फोल्डर में नाम से सेव
कई मेधावी छात्र नहीं पहुंच पाते अच्छे संस्थान
मेरठ के छात्रों क ी बड़ी समस्या अच्छे शिक्षण संस्थानों का अभाव है। प्रीमियम लेयर के छात्र पहले से ही जागरूक होते हैं, वो अच्छे संस्थानों को वक्त रहते चुन लेते हैं। लेकिन कई मेधावी छात्र जागरूकता के अभाव में अच्छे संस्थानों तक पहुंच नहीं पाते। लव जैन, करियर काउंसलर
कार्यशाला कराई जाती हैं
स्कूल में छात्राें के लिए करियर काउंसलिंग कार्यशालाओं का आयोजन इसी उद्देश्य से कराते हैं ताकि 12वीं के बाद छात्रों को कॉलेज चुनने में परेशानी न हो। छात्रों के सामने बड़ा कंफ्यूजन यही होता है कि वो कौन सा कॉलेज चुनें जहां उन्हें अच्छी और सही शिक्षा मिले। जो अच्छा कैंपस सिलेक्शन भी कराए। एचएम राउत, प्रिंसिपल, दीवान पब्लिक स्कूल
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