स्कूली वाहनों में ओवर लोडिंग मिली तो मान्यता रद्द
मेरठ। विकास भवन सभागार में सोमवार को जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित हुई। इसमें अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व आनंद कुमार ने कहा कि स्कूल वाहनों में सभी निर्धारित मानक पूरे हों। यदि बसों में ओवरलोडिंग पाई गई तो स्कूल की मान्यता समाप्त कराई जाएगी। उन्होंने इसके लिए शिक्षा विभाग, परिवहन और यातायात विभाग को आपसी समन्वय से काम करने का निर्देश दिया।
आनंद कुमार ने कहा कि सड़क दुघर्टना रोकने के लिए पुलिस विभाग के साथ प्रवर्तन विभाग मिलकर काम करे और लोगों को जागरूक करे। उन्होंने कहा कि सड़क दुघर्टना में घायल व्यक्तियों की खुद से मदद करने वाले व्यक्तियों की स्वास्थ्य विभाग सूची तैयार करे, ताकि ऐसे लोगों को समय-समय पर पुरस्कृत कर दूसरे लोगों को प्रोत्साहित किया जा सके। इसके साथ ही स्वास्थ्य विभाग नेशनल और स्टेट हाइवे पर स्थान चिह्नित कर वहां एंबुलेंस की व्यवस्था करे। आनंद कुमार ने कहा कि हाइवे पर 10 और स्टेट हाइवे पर 3 ब्लैक स्पॉट चिह्नित हैं। इन स्थानों पर लोक निर्माण विभाग सुरक्षा हेतु साइन बोर्ड, रंबलिंग स्ट्रिप, रिफ्लेक्टर कलर, रिफ्लेक्टर बोर्ड आदि सभी सुरक्षा उपलब्ध कराए। वहीं परिवहन और यातायात विभाग के अधिकारी जागरूकता अभियान चलाएं।
तीन मिनट इंतजार तो न करें भुगतान
एडीएम वित्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि नो पार्किंग जोन में बोर्ड लगाए जाएं। इसके साथ ही टोल पर भी बोर्ड लगाएं, जिस पर लिखा हो कि टोल लाइन में तीन मिनट से ज्यादा खड़े होने पर टोल का भुगतान नहीं लिया जाएगा।
व्यापारियों ने दिए सुझाव
बैठक में व्यापारियों ने भी सुझाव दिए। जिसमें मेरठ ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष गौरव शर्मा ने ऑटो रिक्शा में पांच सवारी बैठाने के नियम का हवाला देते हुए कहा कि इसका उल्लंघन करते हुए स्कूली बच्चों को 15 की संख्या में बैठाया जाता है। इस पर कार्रवाई हो। विपुल सिंघल ने कहा कि हेलमेट और कार में सीट बेल्ट की चेकिंग केवल बुधवार के दिन न की जाए, बल्कि दिन और स्थान बदल कर की जाए। चेंकिग घनी आबादी वाले क्षेत्रों और चौराहों से हटकर की जाये, ताकि जाम न लगे। इसके साथ ही एमडीए के बाहर वाहन पार्किंग पर पुलिस चालान काट देती है या वाहन उठाकर ले जाती है। इसके लिए पार्किंग की व्यवस्था हो। ई रिक्शा को नाबालिग बच्चे भी चला रहे हैं, इसलिए ड्राइविंग लाइसेंस अनिवार्य किया जाए।
ये रहे मौजूद
बैठक में संभागीय परिवहन अधिकारी विजय कुमार सिंह, सहायक परिवहन अधिकारी दिनेश कुमार, यात्री कर अधिकारी सुधीर सिंह, डीआईओएस गिरजेश चौधरी, बीएसए सतेंद्र चौधरी, मुख्य अभियंता नगर निगम केबी वार्ष्णेय, अधिशासी अभियंता एमडीए डीसी तोमर, रोड सेफ्टी क्लब के अमित नागर, सुनील कुमार शर्मा, एसके शर्मा आदि मौजूद रहे।