केंद्रीय प्रयोगशाला के फ्रिज में मिला एक्सपायर केमिकल
अमर उजाला ब्यूरो
मेरठ। चौधरी चरण सिंह यूनिवर्सिटी के छात्रों द्वारा मंगलवार को वायरल किए गए एक्सपायर रिजेंटों के फोटो में से एक फोटो मेडिकल कॉलेज की केंद्रीय प्रयोगशाला का था। इसे प्रयोगशाला में रखे फ्रिज को खोलकर लिया गया था। यह खुलासा एसआईसी (प्रमुख अधीक्षक) विभु साहनी की जांच में हुआ है। उन्होंने बुधवार को प्रयोगशाला पर छापा मारा। इससे हड़कंप मच गया। उन्हें कई अनियमिताएं वहां मिलीं।
फ्रिज में एक रिजेंट एक्सपायरी डेट का मिला। इसके अलावा जांचों की वहां रेट लिस्ट भी लिखी हुई नहीं थी। प्रमुख अधीक्षक ने रेट लिस्ट लगाए जाने की हिदायत दी है। उन्होंने बताया कि जो एक्सपायर रिजेंट फ्रिज में रखा था, वह किसी दूसरी जगह से लाकर रखा गया है, क्योंकि इस रिजेंट का इस्तेमाल इस प्रयोगशाला में नहीं होता है। इस प्रयोगशाला के लिए जो रिजेंट (केमिकल) आते हैं, उनके बैच नंबरों का मिलान कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि हालांकि यह लापरवाही है कि प्रयोगशाला केफ्रिज में कोई भी आकर ये कैसे रख गया। उन्होंने बताया कि प्रयोगशाला में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज में मंगलवार को एक पूर्व कर्मचारी दिख रहा है। उसे एक माह पहले यहां से हटा दिया गया था। उसी पर संदेह है कि उसी ने एक्सपायर रिजेंट रखकर फोटो खींचे होंगे।
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यह है मामला
मंगलवार को मेडिकल कॉलेज की केंद्रीय प्रयोगशाला में एक्सपायर रिजेंटों (ऐसा केमिकल जिसे इस्तेमाल करने की तारीख निकल चुकी है) से खून से संबंधित जांच करने का मामला प्रकाश में आया था। सीसीएसयू के छात्रों ने विरोध करते हुए व्हाट्स एप पर एक्सपायर रिजेंटों के फोटो वायरल कर दिए थे। मेडिकल कॉलेज की इस केंद्रीय लैब में किडनी, जिगर और खून से संबंधित ब्लड यूरिया, क्रिएटिनिन, हीमोग्लोबिन आदि की जांचें होती हैं।
खास बातें
- प्रमुख अधीक्षक का छापा, मिलीं अनियमिताएं
- केंद्रीय प्रयोगशाला का था व्हाट्स एप पर वायरल फोटो
- सीसीटीवी फुटेज में दिख रहा पूर्व कर्मचारी, उसी पर शक