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एक मिनट की देरी पर भी नहीं मिली छात्रों को एंट्री

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एक मिनट देरी पर भी नहीं मिली छात्रों को एंट्री
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10 बजते ही बंद हो गए स्कूल के गेट, कई छात्रों की छूटी परीक्षा
आसान रहा सीबीएसई अंग्रेजी का पेपर

मेरठ। सीबीएसई की मुख्य विषयों की परीक्षाएं शनिवार से प्रारंभ हो गई। पहले दिन 12वीं के छात्रों का इंग्लिश कोर विषय का पेपर रहा। छात्रों के अनुसार पेपर बहुत आसान और सिलेबस से रहा। यह पहली बार था जब छात्रों के सामने पेपर का लिफाफा खोला गया है, इस बात की गवाही ली गई।
पिछले वर्ष बोर्ड परीक्षा में पेपर लीक होने की अफवाह काफी उड़ी थी। परीक्षा की गोपनीयता को बरकरार रखने के लिए सीबीएसई ने इस वर्ष और कड़ी सुरक्षा व्यवस्था लागू कर दी है। इसके तहत छात्रों के अतिरिक्त कोई व्यक्ति पेपर नहीं देख सकता। पेपर का लिफाफा ठीक 10.15 बजे परीक्षा कक्ष में ही खोला गया। परीक्षा कक्ष में बैठे छात्रों में से दो छात्रों व दो शिक्षकों क ो विटनेस बनाया गया। चार गवाहों के हस्ताक्षर व गवाही भी इस पत्र पर ली गई कि उनके सामने परीक्षा कक्ष में शिक्षक ने प्रश्नपत्र का लिफाफा खोलकर तत्काल पेपर बांटे। सीबीएसई बारहवीं में इंग्लिश कोर व दसवीं में इंफोटेक का पेपर था। आईसीएसई परीक्षा में दसवीं, बारहवीं दोनों का ही आर्ट का पेपर हुआ। पेपर आसान होने से छात्र खुश नजर आए। 10 बजे के बाद एक मिनट की देरी से पहुंचने के कारण कई छात्रों का पेपर छूट गया।
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एक मिनट देरी से पहुंचने पर छूटी परीक्षा
सीबीएसई इस बार परीक्षा में छात्रों की उपस्थिति टाइमिंग को लेकर बहुत सख्त है। वोकेशनल विषयों की परीक्षाओं में भी 10 बजे के बाद किसी छात्र को एंट्री नहीं दी गई। शनिवार से प्रारंभ हुई मुख्य विषयों की परीक्षाओं में ठीक 10 बजते ही स्क ूलों के गेट बंद हो गए। एक से आधा मिनट की देरी से पहुंचे छात्रों को भी परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं मिला। इसके चलते कई छात्रों की परीक्षा छूटी। दीवान पब्लिक स्कूल कैंट में बारहवीं के एक और दसवीं के दो छात्रों को देर से आने के कारण एंट्री नहीं मिली।

आसान आया इंग्लिश का पेपर
12वीं के छात्रों का इंग्लिश कोर का पेपर हुआ। छात्रों के अनुसार पेपर आसान आया। पेपर देकर निकले छात्रों ने बताया पेपर थोड़ा लैंदी था इसलिए टाइम टेकिंग हो गया। लेकिन आसान और सिलेबस से था। लिटरेचर का पोर्शन बहुत आसान था। राइटिंग वाला पोर्शन भी अच्छा था। इस बार सीबीएसई ने स्टेप वाइस मार्क्स देने का नियम भी लागू किया है इसका लाभ भी छात्रों को मिलेगा।

यूनिफार्म का भी रखें ध्यान
कैंट के एक स्कूल में एक छात्र विदाउट स्कूल यूनिफार्म पेपर देने आया। बोर्ड के नियमानुसार उस छात्र को एंट्री नहीं दी गई। साथियों ने बताया कि उसकी माता का देहांत रात को हो गया है, छात्र इसी वजह से यूनिफार्म में नहीं आ पाया। छात्र को पेपर देने दिया, साथ ही अगले पेपर से यूनिफार्म में आने की नसीहत दी गई।

स्कूल आईकार्ड न होने से रही परेशानी
सीबीएसई ने प्रवेश पत्र पर साफ लिखा है कि छात्र परीक्षा केंद्र पर अपने साथ स्कूल आईकार्ड और एग्जाम का एंट्री कार्ड लेकर जाएं। लेकिन कुछ स्कूलों के छात्रों को स्कूल ने आईकार्ड नहीं दिया है। कई छात्र निर्देश के बाद भी परीक्षा में आईकार्ड नहीं ले गए तो उन्हें एंट्री में परेशानी आई। बाद में सेंटर पर मौजूद स्कूल शिक्षकों द्वारा संबंधित छात्रों की पहचान व बोर्ड से मिली फोटोयुक्त सूची से मिलान करने के बाद उन छात्रों को परीक्षा में बैठने की इजाजत दी गई। छात्र परीक्षा देने जाएं तो अपने साथ स्कूल कार्ड और प्रवेश पत्र दोनों ले जाएं।
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समय पर आएं छात्र
सीबीएसई का साफ निर्देश है 10 बजे के बाद एंट्री न दी जाए। लगातार छात्रों को तीन महीने से समय पर आने का निर्देश दिया जा रहा है। 10 बजे के बाद आने वाले छात्रों को सेंटर पर प्रवेश नहीं मिलेगा। बोर्ड ने परीक्षा कक्ष में दो छात्रों व दो शिक्षकों की उपस्थिति में ही पेपर का लिफाफा खोलने का नियम इस सत्र से लागू किया है।
- एचएम राउत सीबीएसई एग्जाम सिटी कोआर्डिनेटर
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