- मेरठ पहुंचे ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने प्रेस से की बात
- कहा जब पीएम, सीएम और मंत्री दे सकते हैं संपत्ति की जानकारी तो फिर अधिकारी क्यों नहीं देंगे
- कहा मोदी सरकार ने कराया देश में सर्वाधिक विकास, प्रदेश सरकार कर रही चहुंमुखी विकास
मेरठ। प्रदेश के ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार पूरी पारदर्शिता के साथ काम कर रही है। पीएम, सीएम और तमाम मंत्रियों ने अपनी संपत्ति का ब्यौरा तय समय के अंदर दे दिया है। लेकिन कुछ बिजली अधिकारियों ने अभी तक भी अपनी संपत्ति की ब्यौरा नहीं दिया है। ऐसे अधिकारियों को बख्शा नहीं जाएगा। श्रीकांत शर्मा ने ये बातें पीवीवीएनएल मुख्यालय ऊर्जा भवन में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस के दौरान कही।
शर्मा ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार ने उन गांवों और मजरों में बिजली पहुंचाने का काम किया जहां आजादी के बाद से अब तक अंधेरा था। सरकार गरीब और अमीर के फर्क को दूर कर बिना भेदभाव काम कर रही है। गांवों में 18 और शहरों को 24 घंटे बिजली दी जा रही है। गर्मियों में भरपूर बिजली आपूर्ति के लिए अभी से तैयारी शुरू कर दी है। शर्मा ने कहा बिजली चोरी रोककर अनमीटर्ड कनेक्शनों को मीटर्ड किया जा रहा है। बकायेदारों को राहत देने के लिए सरचार्ज समाधान योजना चलाई जा रही है। सौभाग्य योजना के तहत हर घर तक बिजली पहुंचाने का काम किया गया है। शर्मा ने बजट पर बोलते हुए कहा कि ये एतिहासिक बजट हैं। बजट में किसानों के खातों में 6 हजार रुपये सालाना पहुंचाने का काम किया गया है। मोदी सरकार ने उज्जवला योजना, शौचालय, पीएम आवास, आयुषमान और नीम कोटेड यूरिया आदि के जरिये हर वर्ग को लाभ पहुंचाया है। शर्मा ने कहा केंद्र ओर प्रदेश सरकार ने हर क्षेत्र में सराहनीय कार्य किया है। बिजली मंत्री श्रीकांत शर्मा की पीसी का जोड़ ठेकेदारी प्रथा बंद कर संविदा कर्मियों को विभाग से सीधे जोड़ने के सवाल पर ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने कहा कि सरकार इनके प्रति पूरी गंभीरता से विचार कर रही है। कर्मचारियों को पूरा मानदेय, इपीएफ आदि के साथ समय से सैलरी की जानकारी एप पर अपलोड करने की व्यवस्था कर शोषण से बचाया गया है।