नई पेंशन व्यवस्था भरोसे लायक नहीं
पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर दूसरे दिन भी शिक्षक कर्मियों ने नहीं किया काम
मेरठ। पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर शिक्षक और कर्मचारी दूसरे दिन भी हड़ताल पर रहे। उन्होंने कार्य बहिष्कार कर चौ. चरण सिंह पार्क पर धरना दिया। कहा कि नई पेंशन व्यवस्था भरोसे लायक नहीं है।
2005 से पूर्व की पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू करने की मांग को लेकर जिले भर के शिक्षक और दर्जनों विभागों के कर्मचारियों ने बृहस्पतिवार को भी कार्य बहिष्कार किया। कर्मचारी शिक्षक अधिकारी पुरानी पेंशन बहाली मंच के मंत्री बनी सिंह चौहान समेत अन्य पदाधिकारियों ने कहा कि नई पेंशन व्यवस्था में जिस कंपनी के माध्यम से सरकार उनकी पेंशन को शेयर मार्केट में लगवाएगी, यदि वे कंपनी दिवालिया हो गई तो उनके वेतन से कटी रकम डूब जाएगी। 30-35 साल नौकरी के बाद निवेशों की गड़बड़ी पर नियंत्रण नहीं होगा। कहा कि नई पेंशन व्यवस्था में 10 साल से उनके वेतन से पेंशन मद के नाम से धनराशि कट रही है, लेकिन उसका नहीं पता कि ये रकम किस माध्यम से सरकार कहां प्रयोग कर रही है। शुक्रवार को कर्मचारी, शिक्षक डीएम के माध्यम से अपनी मांगों का ज्ञापन पीएम के नाम देंगे। धरने की अध्यक्षता राकेश तोमर और संयोजन गिरजाकांत ने किया। संचालन बनी सिंह चौहान ने किया। इसमें पर्यवेक्षक जयदीप चौधरी सुभाष दत्त, मंजीत सिंह, मदन भारद्वाज, पूनम गर्ग, प्रद्युम्न कौशिक, सुनील भड़ाना, धर्मवीर सिंह, मदन भारद्वाज, सुकेंद्र शर्मा, शौवीर सिंह, वसीम खान आदि रहे। उधर, बेसिक शिक्षा विभाग के स्कू लों के शिक्षक भी हड़ताल पर रहे और उन्होंने कार्य नहीं किया। स्कूलों में शिक्षा मित्रों ने ही कक्षाएं संभालीं और बच्चों को पढ़ाया।