नकली दवा बेचे जाने का संदेह, मेडिकल स्टोर पर छापा
अमर उजाला ब्यूरो
मेरठ। नकली दवा बेचे जाने की सूचना पर मंगलवार को औषधि प्रशासन की टीम ने रिठानी और खैरनगर समेत छह स्थानों पर छापेमारी की। रिठानी के एक मेडिकल स्टोर से 50 टैबलेट मिली हैं, जिनके नकली होने का संदेह है। उन्हें सीज कर जांच के लिए सैंपल लिए गए हैं।
औषधि इंस्पेक्टर पवन कुमार शाक्य ने बताया कि लाइफ स्टार फार्मा प्राइवेट लिमिटेड नई दिल्ली ने अपने अधिकृत प्रतिनिधि के माध्यम से सहायक आयुक्त औषधि मेरठ मंडल राजेश श्रीवास्तव को सूचित किया था कि मेरठ और गाजियाबाद के कई मेडिकल स्टोर पर उनके एक उत्पाद गुडसेफ -200 की नकली टैबलेट बेची जा रही हैं। इस पर सहायक आयुक्त ने एक जांच टीम का गठन किया, जिसमें उनके अलावा औषधि निरीक्षक विवेक कुमार सिंह और जुनाब अली शामिल रहे।
सहायक आयुक्त के निर्देशन में मोदीनगर के एक संस्थान और मेरठ में छह विक्रय संस्थानों पर टीम ने आकस्मिक जांच की। रिठानी में एक मेडिकल स्टोर में इस दवा की 50 टैबलेट मिली हैं, जो निर्माता फर्म द्वारा उपलब्ध कराए गए विवरण के आधार पर संदिग्ध प्रतीत हो रही थीं, लिहाजा टीम ने इसका नमूना लेते हुए सारी मात्रा को सीज कर दिया है। फर्म को तीन दिन में इसके क्रय अभिलेख प्रस्तुत करने के लिए निर्देशित किया गया है। अन्य फर्मों से प्राप्त विवरण के आधार पर विवेचना की जा रही है। नमूने की जांच रिपोर्ट एवं निर्माता फर्म से आवश्यक विवरण सूचना प्राप्त होने पर प्रकरण में दोषी व्यक्तियों और फर्मों के खिला विधिक कार्रवाई की जाएगी।
खास बात
कंपनी ने सहायक आयुक्त औषधि से की थी शिकायत, 50 टैबलेट सीज, सैंपल लिए गए