टोल टैक्स के मुकाबले दोगुना तक बढ़ा है प्रवेश शुल्क
मेरठ। जीएसटी लागू होते ही कैंट बोर्ड ने टोल टैक्स को खत्म कर प्रवेश शुल्क लागू कर दिया। शुक्रवार रात 12 बजे के बाद कैंट बोर्ड कर्मचारियों ने छावनी क्षेत्र के चारों टोल टैक्स प्वाइंट को अपने कब्जे में ले लिया। इन प्वाइंट का टेंडर खत्म हो गया है। शर्त के मुताबिक टेंडर की बकाया राशि बोर्ड संबंधित ठेकेदार को देगा।
कैंट क्षेत्र में व्यावसायिक वाहनों से टोल टैक्स वसूला जाता है। वर्ष 2005 से टोल टैक्स की दर व्यावसायिक कार या टैक्सी से 25 रुपये, हल्के व्यावसायिक वाहनों से 40 रुपये, भारी व्यावसायिक वाहनों से 75 और ट्रेलर, केनन अन्य भारी वाहनों से 100 रुपये टोल टैक्स लेता था। प्रवेश शुल्क लागू होते ही दरों में इजाफा कर दिया गया है। दोगुना तक दरें बढ़ गई हैं। टोल टैक्स के क्रम के हिसाब से प्रवेश शुल्क क्रमश: 50, 100, 150 और 250 रुपये तय किया है। टोल टैक्स चार प्वाइंटों बाउंड्री रोड, सरधना रोड, कासमपुर रोड और मछेरान के पास हैं। प्रवेश शुल्क के लिए अभी यही प्वाइंट रहेंगे। रात 12 बजे बजते ही जैसे ही जीएसटी लागू हुआ, टोल टैक्स का टेंडर खत्म हो गया।