बैंक ने कब्जा फाइनेंस का ट्रक, व्यापारियों ने मैनेजर को भिजवाया थाने
मेरठ। फाइनेंस के एक ट्रक को लेकर ट्रांसपोर्टनगर एसोसिएशन के अध्यक्ष और बैंक मैनेजर के बीच बखेड़ा हो गया। व्यापार संघ अध्यक्ष समेत तमाम व्यापारी नेता ट्रांसपोर्टर के पक्ष में उतर आए और बैंक में हंगामा कर दिया। पुलिस ने बैंक मैनेजर को उठा लिया और थाने ले गई। शाम तक दोनों पक्षों में गहमागहमी चलती रही।
टीपीनगर क्षेत्र के सिद्धार्थ मार्केट निवासी गौरव शर्मा ट्रांसपोर्टनगर एसोसिएशन के अध्यक्ष हैं। गौरव शर्मा ने छह महीने पहले डीसीबी बैंक से फाइनेंस कराकर ट्रक लिया था। गौरव के पिता विपिन शर्मा की मौत होने के चलते ट्रक की किश्त रुक गई। इस कारण तीन महीने पहले पीएम शर्मा रोड स्थित डीसीबी बैंक के कर्मचारियों ने ट्रक को ग्वालियर में रुकवाकर कब्जे में ले लिया था। गौरव का कहना है कि तीन महीने पहले ही उन्होंने 3.29 लाख रुपये जमा करा दिए थे, इसके बावजूद बैंक कर्मी ट्रक देने को तैयार नहीं हैं। मंगलवार को पूर्वाह्न 11:30 बजे व्यापार संघ अध्यक्ष नवीन गुप्ता, गौरव शर्मा, विपुल सिंघल, सतीश चंद जैन सहित कई व्यापारी नेता पीएल शर्मा रोड पर डीसीबी बैंक में पहुंच गए। ट्रक न देने को लेकर व्यापारियों की बैंक मैनेजर रनवीर सिंह से बहस हो गई। हंगामा हुआ तो व्यापारियों ने पुलिस बुला ली। पुलिस बैंक मैनेजर को पकड़कर थाने ले गई। सिविल लाइन थाने में शाम तक गहमागहमी रही। बाद में गौरव शर्मा ने बैंक मैनेजर रनवीर सिंह, मनीष श्रीवास्तव और अखिलेश राठी पर आरोप लगाकर तहरीर दी।
दोनों पक्षों ने लगाए आरोप-प्रत्यारोप
गौरव शर्मा ने तहरीर देते हुए कहा कि बैंक ने जबरन ट्रक पर कब्जा कर लिया है। तीन महीने से बैंक के चक्कर काट रहा हूं। मैनेजर बात सुनने को तैयार नहीं है। वहीं, बैंक मैनेजर का कहना है कि गौरव शर्मा और उनके पिता ने दस ट्रक लिए थे। अब जबरन लोन माफ कराने का दबाव बना रहे हैं।
वर्जन
दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर आरोप लगाए हैं। जांच के बाद ही कार्रवाई की जाएगी। बैंक मैनेजर को पूछताछ के लिए थाने लाया गया है, बाद में छोड़ दिया गया।
- अब्दुर रहमान सिद्दीकी, इंस्पेक्टर सिविल लाइन