मुठभेड़ में दबोचा कुख्यात बाइक लुटेरा
मेरठ। नेशनल हाईवे पर आरएएफ कांस्टेबल से बाइक और नकदी लूटने वाले गिरोह का कुख्यात सोमवार शाम पुलिस मुठभेड़ में घायल हो गया। उसके दो साथी पुलिस पर फायरिंग करते हुए फरार हो गए। वेदव्यासपुरी के पास हुई मुठभेड़ में इंस्पेक्टर और एसएसआई भी बाल बाल बचे।
एसपी सिटी डॉ अखिलेश नारायण सिंह ने बताया कि आरएएफ वाहिनी में तैनात कांस्टेबल मोहम्मद इरशाद से 12 अप्रैल को लूट हो गई थी। उसने टीपीनगर थाने में लूट की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। तभी से पुलिस लुटेरों की तलाश में थी। सोमवार शाम टीपीनगर इंस्पेक्टर प्रमोद गौतम और एसएसआई संजय शर्मा चेकिंग कर रहे थे। इस बीच पुलिस को सूचना मिली कि बाइक पर तीन बदमाश घूम रहे हैं। पुलिस ने वेदव्यासपुरी में उन्हें रोकने की कोशिश की तो बाइक पर पीछे बैठे युवक ने तमंचे से गोली चला दी। इसमें इंस्पेक्टर और एसएसआई बच गये। तीनों बदमाश बाइक छोड़कर भाग निकले। जवाबी फायरिंग में एक बदमाश के पैर में गोली लगी। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया, जबकि उसके दो साथी फरार हो गए।
घायल की शनाख्त सोनू उर्फ अमित उर्फ संजय पुत्र करतार सिंह निवासी कोटरा थाना धामपुर बिजनौर के रूप में हुई। उसने बताया कि वह टीपीनगर नई बस्ती में किराए पर रह रहा है। उस पर डकैती और लूट के करीब 16 मुकदमे दर्ज हैं। उसके साथ में परविंद्र और झबरा निवासी भीमनगर मलियाना थे। पकड़े गये आरोपी ने बताया बताया कि टीपीनगर, जानी, परतापुर के वह पर्स लूट और चेन स्नेचिंग करते थे। बिजनौर में भी सोनू कई डकैती डाल चुका है।
अब गोली मत मारना...
पैर में गोली लगने के बाद सोनू पुलिस के सामने बोला कि अब गोली मत मारना, नहीं तो मर जाऊंगा। पुलिस ने उसके पास से बाइक बरामद की है। वह आरएएफ कांस्टेबल से लूटी हुई है। इसके अलावा मौके से एक तमंचा और तीन कारतूस भी बरामद किए।