मेरठ। महापौर चुनाव में मुस्लिम मतदाताओं का बसपा की ओर रुझान होने से सपा में घमासान शुरू हो गया है। कुछ पदाधिकारियों पर पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के आरोप हैं, जिसकी सूचना हाईकमान को भी भेज दी गई है। हाईकमान इस पर सख्त हो गया है। राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव व प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल ने इस पर महानगर अध्यक्ष से विस्तृत रिपोर्ट तलब कर ली है। पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल सपाइयों की सूची 25 नवंबर तक भेजी जाएगी। जिसने भी पार्टी के विरोध में कार्य किया होगा, उस पर गाज गिरना तय है।
सपा पदाधिकारी मान रहे हैं कि अगर पार्टी से जुड़े लोग इस तरह पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होंगे तो इसका असर 2019 में लोकसभा चुनाव पर भी पड़ेगा। दरअसल, इस बार महापौर पद पर मुस्लिम बहुल इलाकों में ज्यादातर मतदाताओं का रुझान साइकिल की बजाय हाथी की तरफ रुझान देखा गया। सपा के शासनकाल में अहम पदों पर रहे कई मुस्लिम नेता मतदान स्थलों पर नजर नहीं आए।
सभी की जाएगी हाईकमान को रिपोर्ट
शहर में मुस्लिम मतदाता करीब चार लाख माने जाते हैं। सपा महानगर अध्यक्ष अब्दुल अलीम अलवी ने बृहस्पतिवार को बताया कि महानगर संगठन उन सभी वरिष्ठ नेताओं, पूर्व दर्जा प्राप्त मंत्रियों, प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर के पदाधिकारियों, पूर्व पार्षद, नामित पार्षदों, महानगर संगठन, विधानसभा स्तर के पदाधिकारियों और संगठन के सभी लोगों की विस्तृत रिपोर्ट पार्टी हाईकमान को भेजेगा। इस संबंध में राष्ट्रीय अध्यक्ष और प्रदेश अध्यक्ष के निर्देश प्राप्त हो गए हैं। यह रिपोर्ट 25 नवंबर तक पार्टी के प्रदेश एवं केंद्रीय कार्यालय को भेज दी जाएगी।
उन्होंने बताया कि यह भी आदेश हुए हैं कि जिन नेताओं ने पार्टी के अधिकृत प्रत्याशियों के विरुद्ध चुनाव लड़ा है या जिन लोगों द्वारा पार्टी के खिलाफ महापौर और पार्षद प्रत्याशियों के खिलाफ बसपा, भाजपा और निर्दलीय प्रत्याशियों के लिए खुलेआम या गुपचुप ढंग से वोट मांगी हैं, ऐसे लोगों के विरुद्ध पार्टी सख्त अनुशासनहीनता की कार्रवाई करेगी। सपा महानगर अध्यक्ष ने बताया कि महापौर प्रत्याशी दीपू मनोठिया एवं वार्डों में चुनाव लड़े पार्षद प्रत्याशियों से लिखित रूप में 24 नवंबर की शाम सात बजे तक हापुड़ रोड स्थित कैंप कार्यालय पर अपनी-अपनी रिपोर्ट देने केलिए कहा गया, ताकि पार्टी हाईकमान को रिपोर्ट भेजी जा सके।
खास बात
- निकाय चुनाव में हुईं पार्टी विरोधी गतिविधियां, कई पदाधिकारियों पर गिरेगी गाज
- अखिलेश यादव ने की महानगर अध्यक्ष से विस्तृत रिपोर्ट तलब