पत्नी की शिकायत पर आईपीएस का नागालैंड ट्रांसफर
मेरठ। पत्नी नम्रता की शिकायत पर आईपीएस अमित निगम का नागालैंड ट्रांसफर हो गया है। नम्रता ने पीएमओ, गृह मंत्रालय और डीजीपी से आईपीएस के उत्पीड़न की शिकायत की थी। वहीं, बुधवार को आईपीएस के पिता गंगाचरण निगम एसएसपी से मिले। उन्होंने नौचंदी थाने में दर्ज मुकदमे को झूठा बताकर केस गुरुग्राम में ट्रांसफर कराने की मांग की है।
सिविल लाइन क्षेत्र के सुभाषनगर निवासी अमित निगम (आईपीएस) नागालैंड कैडर से हैं। उनकी दिल्ली स्थित पीएसी में असिस्टेंट कमांडेंट के पद पर पोस्टिंग थी। अमित का पत्नी नम्रता से विवाद चल रहा है। नम्रता ने पति, सास और ससुर पर दहेज उत्पीड़न, मारपीट व जानलेवा हमले का आरोप लगाकर नौचंदी थाने में नामजद केस कराया था। आरोप कि अमित उनको पशु की तरह पीटते हैं।
वहीं, अमित के पिता गंगाचरण ने एसएसपी को बताया कि 30 अप्रैल को गुरुग्राम में अमित और नम्रता का झगड़ा हुआ था। जिसकी शिकायत दोनों पक्षों ने गुरुग्राम थाने में दी। जिसकी पुलिस अभी जांच कर ही है। नम्रता की बहन मोनिका आईपीएस है। जिसकी नम्रता बार-बार अमित को धमकी देती है। मोनिका ने पहले अमित को धमकाया और फिर नौचंदी थाने में झूठी रिपोर्ट कराई। इस मामले की जांच गुरुग्राम से कराई जाए। मारपीट में अमित को भी चोट आना बताई। जिसके फोटो गंगाचरण ने मीडिया को दिए हैं। एसएसपी ने निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया है।
ओडी गाड़ी नम्रता के मां के पास
गंगाचरण ने बताया कि दहेज में जो ओडी गाड़ी मिली थी वह नम्रता की मां के नाम है। शादी के बाद से कार नम्रता के मायके जागृति विहार में है। पांच करोड़ रुपये मांगने का आरोप गलत है। नम्रता ने परिवार के साथ रहने का प्रयास नहीं किया। उनका व्यवहार पहले से ही ससुराल पक्ष के लोगों के प्रति खराब है। नम्रता ने जो आरोप लगाए वह सभी बेबुनियाद हैं। नम्रता बार-बार अपनी बहन के आईपीएस होने का रौब चलाती है।