खरखौदा/मेरठ। कैली में बाबा जाहरवीर के मंदिर पर रविवार को एक टूरिस्ट बस आई थी। इस दौरान बस में सवार एक दस वर्षीय बच्चा शौचालय की जरजर दीवार पर चढ़ने का प्रयास करने लगा। इस बीच दीवार गिर गई, जिसके नीचे दबकर उसकी मौत हो गई। वहीं परिजन किसी कार्रवाई से इंकार करते हुये शव को गुजरात ले गए।
गुजरात के जिला पाटा, थाना चांसमा क्षेत्र के गांव मनिहारी निवासी 52 लोग चार दिन पहले बस से तीर्थ स्थालों पर घूमने के लिये निकले थे। हरिद्वार से लौटने के दौरान रविवार को यात्रियों की बस गांव कैली में गांव से बाहर की ओर बने बाबा जाहरवीर बाबा के मंदिर के सामने रुकी। बस में सवार कुछ लोग शौच के लिए चले गए तो कुछ महिलाएं मंदिर परिसर में बने शौचालयों में नहाने लगीं। अपने पिता के साथ मयूर (10) पुत्र बाबू भाई भी शौचालयों की ओर जाने लगा। भारी बारिश के चलते मंदिर परिसर में बने सभी शौचालयों की दीवारें जरजर हो चुकी है। जैसे ही बच्चा दीवार पर लटका तो वह भरभराकर गिर गई। जिसमें वह दीवार के मलबे में दब गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने बच्चे को बाहर निकाला और अस्पताल ले जाने लगी, लेकिन बच्चे ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। सीएचसी के चिकित्सक ने भी बच्चे को मृत घोषित कर दिया। इंस्पेक्टर खरखौदा राजेंद्र त्यागी ने बताया कि परिजनों ने किसी भी कार्रवाई से इंकार कर दिया। इसके बाद शव को उनके सुपुर्द कर दिया।
इकलौता था मयूर
बच्चे के पिता ने बताया कि उसकी पत्नी की भी कुछ दिन पहले ही बीमारी के चलते मौत गई थी। मयूर अपने परिवार में इकलौता था। बच्चे के जिद करने पर वह घूमने के लिए आया था। वहीं एसपी देहात राजेश कुमार ने बस को दिल्ली से होते हुए गुजरात जाना था। एनएच-58 पर किसान क्रांति पदयात्रा के कारण हुए डायवर्जन के चलते बस हापुड़ मार्ग से जा रही थी।