फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पर्यूण पर्व।

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
शारीरिक बल देता है ब्रह्मचर्य धर्म: भाव भूषण
हस्तिनापुर। देवो पुनीत अतिशय से युक्त त्रय तीर्थंकरों के द्वादश कल्याणकों से पावन पुुनीत क्षेत्र हस्तिनापुर के श्री दिगंबर जैन प्राचीन बड़ा मंदिर में पर्यूषण महापर्व के पावन अवसर पर चल रहे श्री 1008 समवशरण महामंडल विधान में श्री जिनेंद्र भगवान का अभिषेक हुआ महामंत्रों के मंत्रोच्चार के साथ शांतिधारा हुई।
आज की शांतिधारा करने का सौभाग्य राजेंद्र जैन, रेखा जैन, शैंकी जैन, युगांक जैन, सिद्धांत जैन तथा सहयोग प्रेमचंद जैन, कांता जैन ने किया। कवि हृदय मुनि श्री 108 भाव भूषण जी महाराज ने दस धर्मों पर प्रवचन किए। आज उत्तम ब्रह्मचर्य महत्ता को बताते हुए कहा कि क्षमा, मार्दव, आर्जव भाव रूपी धर्म है। सत्य, शौच, संयम, तप, त्याग के माध्यम से इन धर्मों पर लगाया जाता हैं। किंतु आंकिचन और ब्रह्यचर्य दस धर्मों में सार है। ये दस धर्म सांसारिक प्राणी को चार गति चौरासी लाख योनी से निकाल करके मुक्ति रूपी लक्ष्मी की प्राप्ति कराते है। ब्रह्मचर्य धर्म हमें शारीरिक बल देता है। औज देता है ब्रह्मचर्य के रहने से शरीर में ऊर्जा बनी रहती है। जो विपरित स्थितियों में सक्रिय होकर शरीर की सक्रियता को बनाए रखते हैं। सर्वोच्च निर्वाण लाडू गौरव जैन, प्रभव जैन, प्रमोद जैन, मीना देवी जैन, धर्मचंद जैन, विनोद जैन, मनमोहन दास जैन, प्रभात जैन, कमलाबाई जैन, वीना जैन, दर्शनी देवी जैन, रिया जैन, पदमा जैन, अंजू जैन, दीपक जैन ने मुख्य लाडू चढ़ाकर पुण्य का संचय किया। तीन लोक महामंडल विधान के कार्यक्रम में नित्य-नियम पूजन करते हुए आज श्री बासपूज्य भगवान, श्री अनंत नाथ भगवान, श्री शांतिनाथ भगवान एवं श्री मल्लिनाथ भगवान का विशेष रूप से स्मरण करते हुए भक्ति-भाव से अर्घ्य समर्पित किए गए। विधान की समस्त मंगलिक क्रियाएं पं. आशीष जैन शास्त्री के कुशल निर्देशन में संपन्न की गई।
विज्ञापन

शुद्ध भोजन की व्यवस्था राजेन्द्र जैन, धार्मिक प्रश्नमंच के बाद भक्ति, भजन, आदि का कार्यक्रम संपन्न हुआ। महामंत्री मुकेश जैन सराफ, कोषाध्यक्ष सुनील जैन, उपाध्यक्ष जिवेंद्र कुमार जैन आदि समस्त पदाधिकारी उपस्थित रहें। मुकेश जैन महाप्रबंधक, अशोक जैन, उमेश जैन, कमल जैन, अतुल जैन, मणिचंद जैन आदि का सहयोग रहा।
विज्ञापन


ब्रह्मचर्य धर्म का पालन करे मनुष्य
हस्तिनापुर। जंबूद्वीप में दशलक्षण पर्व के अवसर पर अंतिम दिवस तेरहद्वीप रचना में विशेष पूजन किया गया। संस्थान के मंत्री मीनाक्षी, सुनील कुमार जैन सर्राफ भी उपस्थित रहे। भगवान वासु पूज्य स्वामी का निर्वाण कल्याण मनाया गया। वासुपूज्य मंदिर में निर्वाण लाडू भी चढ़ाया गया। दोपहर में तेरहद्वीप रचना में शांति विधान का आयोजन किया गया। इस विधान जंबूद्वीप के सभी जैन स्टाफ ने भाग लिया। रात्रि में सभी मंदिरों में भगवान की आरती की गई और प्रश्नमंच, भजन प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। राकेश जैन, संजीव जैन, मनोज जैन, अनिल जैन, राजेश जैन, राजकुमार जैन सुनील जैन आदि उपस्थित रहे। श्री ज्ञानमती माताजी ने उत्तम ब्रह्मचर्य धर्म पर अपने प्रवचन देते हुए कहा दुर्धर और उत्कृष्ट ब्रह्मचर्य व्रत को धारण करना चाहिए और विषयों की आशा का त्याग कर देना चाहिए।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें