मेरठ। मेरठ बार एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेंद्र सिंह जानी और महामंत्री देवकी नंदन शर्मा ने कहा है कि हाईकोर्ट बेंच केंद्र सरकार के अधीन आने वाला अधिकार है, जिसमें सुप्रीम कोर्ट की कोई आवश्यकता नहीं है।
कचहरी स्थित दाताराम सिंघल पुस्तकालय में सोमवार को आयोजित प्रेसवार्ता में अध्यक्ष और महामंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का यह कहना सही नहीं है कि हाईकोर्ट बेंच न्यायालय से संबंधित मामला है। वहीं, मेरठ में भाजपा की प्रदेश कार्य समिति की बैठक में पश्चिम उत्तर प्रदेश के किसी भी सांसद, विधायक या संगठन के पदाधिकारी द्वारा बेंच स्थापना के लिए कोई प्रश्न नहीं उठाना पश्चिम की जनता की मांग के विपरीत है। अध्यक्ष के अनुसार हाईकोर्ट बेंच स्थापना केंद्रीय संघर्ष समिति पश्चिम उप्र की आवश्यक बैठक शीघ्र ही बुलायी जाएगी, जिसमें सभी विषयों को रखते हुए आंदोलन को मजबूती प्रदान करते हुए तेजी से चलाया जाएगा।
अध्यक्ष राजेंद्र सिंह ने कहा कि यदि केंद्र सरकार बेंच के मुद्दे पर अविलंब निर्णय नही लेती है तो समिति आंदोलन को उग्रता प्रदान करेगी। उन्होंने इस बात पर भी नाराजगी जताई कि मेरठ में पश्चिम उत्तर प्रदेश के वकील सड़कों पर प्रदर्शन कर रहे थे। लेकिन फिर भी उनसे मुलाकात या उनकी बात सुनने के लिए किसी भी नेता या पदाधिकारी ने पहल नहीं की। न ही वकीलों के प्रतिनिधिमंडल को मुख्यमंत्री या भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह से मुलाकात का समय दिलवाया गया और न ही इसके लिए प्रयास किया गया। प्रेसवार्ता में उदयवीर सिंह राणा, अशोक शर्मा, कुंवरपाल शर्मा, जितेंद्र बना, तरुण ढाका, संजय शर्मा, मनोज गुप्ता, अजय कुमार मांग, झम्मन सिंह वर्मा, अब्दुल वहाब आदि मौजूद रहे।
खास बातें:
मेरठ बार एसोसिएशन के अध्यक्ष और महामंत्री ने प्रेस वार्ता में कही ये बात
कहा कि केंद्रीय संघर्ष समिति की बैठक शीघ्र बुलाकर तेजी से चलाएंगे आंदोलन