हस्तिनापुर। श्री दिगंबर जैन प्राचीन बड़ा मंदिर के समीप श्री समवशरण मंदिर एवं भगवान आदिनाथ जिनालय परिसर में सोमवार से 40 दिवसीय श्री शांतिनाथ महामंडल विधान एवं विश्वशांति महाअनुष्ठान का भव्य आयोजन किया जाएगा। इसकी सभी तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं। आचार्य श्री 108 भारत भूषण महाराज ऐलाचार्य श्री 108 भाव भूषण जी महाराज ससंघ के सानिध्य में विधान की शुरुआत होगी। यह अयोध्या के समान प्राचीन तीर्थ स्थली एवं अत्यंत प्राचीन तीर्थ क्षेत्र है। यहां जैन धर्म के सोलहवें तीर्थंकर श्री शांतिनाथ सत्रहवें तीर्थंकर श्री कुन्थुनाथ एवं अठारहवें तीर्थंकर अरहनाथ भगवान का जन्म हुआ। तीनों तीर्थंकरों ने हस्तिनापुर के सहस्त्र नामक वन में दीक्षा ली और वहीं उन्हें केवल ज्ञान प्राप्त हुआ। इसी प्रकार यहां तीन तीर्थकरों के चार-चार कल्याणक अर्थात 12 कल्याणक मनाए गए। इसलिए यह भूमि ऐतिहासिक रूप से मान्य है। यहां अनेक बार भगवान का समवशरण एवं तेईसवें तीर्थंकर भगवान पार्श्वनाथ दीक्षा के बाद पधारे थे व वरदत्त के घर पारणा की थी। भगवंतों के जन्म तप कल्याणक की भूमि होने के चलते इस धार्मिक ऐतिहासिक नगरी हस्तिनापुर की गणना भारत के प्राचीनतम ऐतिहासिक व सांस्कृतिक नगरों में की जाती है।
सड़क हादसे में युवक की मौत
परीक्षितगढ़। मवाना मार्ग पर बीती शनिवार रात ग्राम रामनगर प्याऊ के समीप बुलेट को अज्ञात वाहन टक्कर मारकर फरार हो गया। जिससे बाइक सवार की मौके पर ही मौत हो गई। राहगीरों ने घटना की जानकारी पुलिस को दी।
ग्राम झुनझुनी निवासी सचिन (27) पुत्र मांगे बुलेट मोटरसाइकिल पर सवार होकर शनिवार सुबह ग्राम दतियाना थाना सिंभावली में मामा के घर गया था। देर रात सचिन अपने घर लौट रहा था। मवाना मार्ग ग्राम रामनगर प्याऊ के समीप किसी अज्ञात वाहन ने बाइक को टक्कर मार दी। इसके बाद चालक वाहन लेकर फरार हो गया। हादसे में बाइक सवार सचिन की मौके पर ही मौत हो गई। रहागीरों ने इसकी जानकारी पुलिस को दी। पुलिस ने शव की शिनाख्त कराकर परिजनों को जानकारी दी। इस पर परिजन बिना कार्रवाई किए शव गांव ले गए। मृतक के परिजनों को रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, गांव के श्मशान में गमगीन माहौल में सचिन का अंतिम संस्कार कर दिया।