नगर पालिका की वर्कशाप की दीवार पर पड़ोसी द्वारा अवैध निर्माण किए जाने की सूचना पाकर उसे गिराने पहुंचे पालिका के चार अधिकारियों समेत पांच को बंधक बना लिया। आरोप है कि बंधक बनाए गए अधिकारियों से जमकर अभद्रता की। इसकी जानकारी पाकर पहुंची पुलिस ने बंधक बनाए अधिकारियों को मुक्त कराया। इस संबंध में पालिका की ओर से कोई तहरीर बंधक बनाने वालों के खिलाफ नहीं दी गई है।
नगर पालिका की वर्कशाप की दीवार पर पड़ोसी द्वारा छज्जा आदि निकालकर अवैध निर्माण किया जा रहा है। इसकी सूचना पाकर नगर पालिका के जेई जयपाल सिंह, जेई विपिन कुमार, टीएस विनय सागर, आरआई अवनीश यादव तथा सुपरवाइजर साजिद जेसीबी लेकर अवैध निर्माण को ध्वस्त कराने पहुंचे। जैसे ही पालिका अधिकारियों ने अवैध निर्माण को ध्वस्त कराया, वैसे ही आरोपी ने भीड़ के साथ इन सभी अधिकारियों को घेरकर बंधक बना लिया है। आरोप है कि अवैध निर्माण करने वालों ने पालिका अधिकारियों से जमकर गालीगलौज की। अधिकारियों को बंधक बनाए जाने की सूचना पाकर नगर पालिका के प्रधान लिपिक लाखन चौहान पालिका कर्मचारियों के साथ थाने पहुंचे। उन्होंने पालिका अधिकारियों को बंधक बनाने की सूचना दी। जिस पर थाना प्रभारी ब्रजेश कुशवाहा पुलिस फोर्स को लेकर मौके पर पहुंचे तथा बंधक बनाए गए अधिकारियों को बंधन मुक्त कराए। जेई जयपाल सिंह ने बताया कि अवैध निर्माण के संबंध में तीन बार लिखित में नोटिस दिया गया। मौखिक भी कहा गया, लेकिन अवैध निर्माण जारी रखा। वहीं, इस संबंध में चेयरमैन अयूब कालिया से पूछा कि क्या बंधक बनाने वाले तथा गालीगलौज करने वालों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जा रही है। इस पर उनका कहना था कि आरोपियों ने माफी मांग ली है। इसलिए कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। वहीं, उनसे कहा कि आरोपियों ने दूसरों के मुकाबले नाली की पटरी पर लगभग दो फीट आगे अतिक्रमण करके निर्माण किया हुआ है। इस पर उन्होंने इससे अनभिज्ञता जताते हुए जांच कराकर कार्रवाई करने की बात कही।
मुख्य बातें
नगर पालिका की वर्कशाप की दीवार पर पड़ोसी ने निकाला छज्जा
बंधक बनाए चार अधिकारियों समेत पांच लोगों से की अभद्रता