कोतवाली क्षेत्र के ग्राम पिठलोकर में प्रधान पति के प्रतिष्ठान पर बुधवार को गोकशी की घटना के विरोध में पंचायत का आयोजन हुआ। इसमें गोकशी में शामिल लोगों का सामाजिक बहिष्कार करने का निर्णय किया। सरधना के पूर्व चेयरमैन निजाम अंसारी की अध्यक्षता में आयोजित पंचायत में गोकशी की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए देहात क्षेत्र के गांवों में कमेटी गठित करने का फैसला लिया। इस संबंध में नगर में बड़ी पंचायत करने और बृहस्पतिवार को प्रतिनिधिमंडल द्वारा एसडीएम से मुलाकात करने का भी निर्णय किया गया। प्रतिनिधिमंडल एसडीएम से पशु कटान के लिए भूमि मुहैया कराने की मांग करेगा।
सरधना क्षेत्र के पिठलोकर गांव में हाल ही में एक मकान में गोकशी की घटना हुई। मुल्हैड़ा चौकी पुलिस ने इस घटना में एक महिला समेत सात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। गोकशी की घटना भविष्य में न हो और यदि कोई ऐसी घटना में शामिल पाया गया तो उसके सामाजिक बहिष्कार को लेकर बुधवार को पिठलोकर में पंचायत हुई। इसका आयोजन ग्राम प्रधान पति मनव्वर के प्रतिष्ठान पर किया गया। इसमें नगर के पूर्व चेयरमैन पति निजाम अंसारी की अध्यक्षता में पंचायत का आयोजन किया गया। इसमें पिठलोकर के जिम्मेदार लोग शामिल हुए। पंचायत में सर्वसम्मति से निर्णय किया कि यदि कोई गोकशी करता है तो उसका सामाजिक बहिष्कार किया जाएगा। जिसमें पिठलोकर ही नहीं बल्कि आसपास के गांव एवं नगर पंचायतों में भी सभा की जाएगी। जिससे गोकशी पर पूर्ण रूप से अंकुश लग सके। वहीं, बृहस्पतिवार को एक प्रतिनिधिमंडल पूर्व चेयरमैन निजाम अंसारी के नेतृत्व में एसडीएम राकेश कुमार सिंह से मुलाकात करेगा। वह गोकशी की घटना के विरोध में आयोजित पंचायत में किए गए निर्णय से अवगत कराएगा। वहीं, पशु कटान के लिए भूमि मुहैया कराना और मीट बिक्री के लाइसेंस की व्यवस्था कराने की मांग करेगा। सभा में ग्रामीणों ने मिलकर गोकशी रोकने के लिए आगे आने का आश्वासन दिया। लोगों ने कहा कि गोकशी की घटनाओं से गांव की ही नहीं बल्कि पूरे क्षेत्र की बदनामी होती है। गोकशी करने वालों के खिलाफ ग्रामीण पुलिस कार्रवाई कराएंगे। यहां पर सत्तार प्रधान, अली जाफर प्रधान, हाजी महमूद, हाजी बशीर प्रधान, फारुख प्रधान, हाजी अंसार, जमील अहमद, इंतजार, गफ्फार शकील ठेकेदार, मुंशी शफीउद्दीन आदि मौजूद रहे।
कोतवाली क्षेत्र के गांव पिठलोकर में आयोजित पंचायत में ग्रामीणों ने लिया फैसला
गोकशी की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए गांवों में कमेटी गठित की जाएगी