मेरठ। युवक के हत्यारे को अपर जिला जज-2 मानवेंद्र सिंह ने आजीवन कारावास और बीस हजार रुपये के अर्थदंड की सजा से दंडित किया है। घटना थाना सरधना क्षेत्र में 13 साल पहले घटित हुई थी।
अभियोजन पक्ष के अनुसार थाना सरधना पर पीड़ित पक्ष ने 18 जून 2004 को रिपोर्ट दर्ज करायी थी कि कस्बे में तीन दिन पूर्व एक लड़की को छेड़ने को लेकर विवाद हो गया था। छेड़छाड़ करने के आरोपियों ने विवाद होने पर लड़की के भाई को जान से मारने की धमकी दी थी। जिसके बाद उसी दिन चंद्रपाल उर्फ बॉबी को आरोपियों ने चाकुओं से हमला कर मौत के घाट उतार दिया था।
हत्या में बाबू पुत्र इकबाल निवासी मोहल्ला इस्लामाबाद थाना सरधना व खिल्लू पुत्र शफीक मोहल्ला कस्सावान थाना सरधना व मरगूब के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था। पुलिस ने विवेचना के बाद बाबू व खिल्लू के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया था। इस मुकदमे की सुनवाई अपर जिला जज कोर्ट संख्या-02 के न्यायालय में चल रही थी।
न्यायालय में सरकारी वकील संदीप सैनी ने वादी सहित आठ गवाह न्यायालय में पेश किए। जिनके बयानों के आधार पर कोर्ट ने खिल्लू पुत्र शफीक को चंद्रपाल की हत्या का दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा व अर्थदंड से दंडित किया। इसमें आधी राशि मृतक के परिजनों को देने का आदेश दिया है। इस मुकदमे के दूसरे आरोपी बाबू की विचारण के दौरान मृत्यु हो चुकी है।
खास बातें
- छेड़छाड़ का विरोध करने पर लड़की के भाई को उतारा था मौत के घाट