फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विधायक के दबाव में बैठे इंद्रराज

विज्ञापन
विज्ञापन
ब्लाक प्रमुख केपी खुंटी के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की थी तैयारी
विज्ञापन

गुर्जर समाज की पंचायत में विधायक ने दोनों पक्षों के बीच कराया समझौता
अमर उजाला ब्यूरो
परीक्षितगढ़।
ब्लॉक प्रमुख के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की तैयारी कर रहे एक बीडीसी सदस्य क्षेत्रीय विधायक के दबाव में चुप्पी साध कर बैठ गए हैं। क्षेत्र में चर्चा है कि विधायक ने सत्ता की हनक दिखाते हुए ब्लाक प्रमुख पक्ष में समझौता करा दिया। बीडीसी के पास कई सदस्यों के प्रमाण पत्र होने के बावजूद उन्होंने चुनाव लड़ने से इंकार कर दिया।
क्षेत्र के ग्राम शिवपुरी निवासी बीडीसी सदस्य राजीव इन्द्रराज और ब्लॉक प्रमुख केपी खुंटी बसपा के पूर्व विधायक योगेश वर्मा के करीबी माने जाते हैं। पूर्व विधायक ने सपा प्रत्याशी धर्मेंद्र नागर के सामने बसपा प्रत्याशी केपी खुंटी को जीत दिलाई थी। प्रदेश में भाजपा सरकार बनी तो ब्लॉक प्रमुख केपी खुंटी व राजीव इंद्रराज भाजपा में शामिल हो गए। इसके बाद बीडीसी ने ब्लॉक प्रमुख के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का बिगुल फूंककर चुनाव के मैैदान में उतर गए। ब्लॉॅक प्रमुख को अविश्वास प्रस्ताव आने की भनक लगी तो उन्होंने क्षेत्रीय विधायक दिनेश खटीक का दरवाजा खटखटाया। इस पर विधायक ने बीडीसी सदस्य राजीव इन्द्रराज से अविश्वास प्रस्ताव न लाने की बात कही। साथ ही दोनों के बीच समझौता करा दिया।
विज्ञापन

68 बीडीसी के सामने विधायक भारी
बीडीसी सदस्य राजीव इन्द्रराज ने भाजपा में शामिल होने के बाद ब्लॉक प्रमुख के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए अन्य सदस्यों से संपर्क साधना शुरू कर दिया। राजीव ने 84 बीडीसी सदस्यों में से 68 सदस्यों के प्रमाण पत्र लेकर पूरी तैयारी कर ली। लेकिन विधायक दिनेश खटीक ने केपी खुंटी को ही ब्लॉक प्रमुख बनाये रखने के लिए राजीव पर दबाव बनाया। उनके आगे 68 बीडीसी सदस्यों की एक नही चली। सूत्रों की माने तो समझौते के एवज में केपी खुंटी ने राजीव इन्द्रराज को मोटी रकम दी है।
सपा नेता बना बली का बकरा
ब्लॉक प्रमुख केपी खुंटी व बीडीसी सदस्य राजीव इन्द्रराज के बीच बुधवार को गंगा नगर में गुर्जर समाज की पंचायत हुई थी। विधायक ने दोनो पक्षों में समझौता करा दिया। आरोप है कि क्षेत्र के सपा नेता अमरीश उर्फ गुड्डू भी पंचायत में शामिल थे। परीक्षितगढ़ लौटने के बाद ब्लॉक प्रमुख ने अमरीश के खिलाफ जानलेवा हमला करने का मुकदमा दर्ज कराया था।

दबाव की बात गलत
बीडीसी राजीव इंद्रराज और ब्लाक प्रमुख केपी खुंटी एक ही समाज और परिवार के लोग हैं। परिवार बिखरा हुआ था। सर्व समाज के कहने पर इनको एक कर दिया। दबाव की बात गलत है।
दिनेश खटीक, विधायक

कुछ लोगों ने था भड़काया
कुछ लोगों ने राजीव इंद्रराज को भड़काकर अविश्वास प्रस्ताव लाना चाहते थे। विधायक दिनेश खटीक और समाज के लोगों ने हम दोनों के बीच समझौता करा दिया। पैसे लेन-देन का कोई मामला नहीं है।
विज्ञापन

केके खुंटी, ब्लाक प्रमुख

गुर्जर समाज एकजुट है
सर्वसमाज के लोगों ने ब्लाक प्रमुख केपी खुंटी के सामने चुनाव लड़ने से मना किया। भाजपा के वरिष्ठ नेताओं की उपस्थिति में हम दोनों में समझौता हो गया है। केपी खुंटी ने कोई पैसा नहीं दिया है। गुर्जर समाज हमेशा एकजुट रहता है।
राजीव इंद्रराज, बीडीसी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें