अमर उजाला ब्यूरो
खरखौदा। बिजली बिल के लाखों रुपये बकाये को लेकर विद्युत निगम की टीम ने गांव बधौली, कौल व पीलपीखेड़ा स्थित पानी की टंकी के ट्यूबवेल के कनेक्शन काट दिए थे। जिससे तीनों गांव के करीब बीस हजार लोग बीते 15 दिन से दूषित पानी पीने को मजबूर थे। अमर उजाला ने यह समाचार प्रमुखता से प्रकाशित किया। इस पर विद्युत निगम की टीम ने बृहस्पतिवार को तीनों गांवों की पानी की टंकी के ट्यूबवेल की विद्युत व्यवस्था बहाल कर दी।
काली नदी किनारे पर बसे गांव कौल, बधौली व पीलपीखेड़ा में करीब बीस वर्ष पहले भूजल खराब हो गया था। जल निगम की जांच में इंडिया मार्का टू नलों का पानी भी पीने योग्य नहीं बताया गया था। जिस कारण तीनों गांव में जल निगम द्वारा लाखों रुपये खर्च कर पानी की टंकी बनवाई थी। यहां लगे ट्यूबवेल कई वर्ष से पेयजल आपूर्ति कर रहे हैं। हालांकि इन ट्यूबवेलों का आज तक बिजली बिल अदा नहीं किया गया। जिस कारण इन पर कई-कई लाख रुपये विद्युत निगम का बकाया है। निगम ने कई बार इस मामले में उच्चाधिकारियों से शिकायत भी की। जिसमें कई बार ग्राम प्रधानों की सीडीओ और विद्युत निगम अफसरों के साथ बैठक भी हुई। इसमें ग्राम प्रधानों ने बिल जमा कराने के लिए कोई मद नहीं बताया। वहीं, विद्युत निगम के अधिकारियों पर उच्चाधिकारियों का दबाव होने के कारण कर्मचारियों ने तीनों टंकियों के करीब 15 दिन पहले बिजली के कनेक्शन काट दिये थे। तीनों गांवों का भूजल दूषित होने के कारण पेयजल की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई। बीते पंद्रह दिन से तीनों गांवों के करीब बीस हजार लोग इस पानी को पीने को मजबूर हुए। अमर उजाला से इस समस्या को प्रमुखता से प्रकाशित किया। लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ के चलते विद्युत निगम ने बृहस्पतिवार को बिजली के कनेक्शन जोड़ दिए। हालांकि चेतावनी दी कि ग्राम प्रधान पेयजल कनेक्शन धारकों से वसूली करके बकाए की कुछ रकम जरूर जमा कराएं।
वर्जन
ग्रामीणों की परेशानी के मद्देनजर तीनों टंकियों के नलकूपों की विद्युत आपूर्ति बहाल कर दी गई है। वहीं, ग्राम प्रधानों को चेतावनी दी कि बकाया जल्द से जल्द जमा कराएं। -विनोद कुमार चौहान, अधिशासी अभियंता, विद्युत निगम मेरठ।
बिजली बिल के लाखों रुपये बकाया होने पर कौल, बधौली और पीपलीखेड़ा की ट्यूबवेलों के काट दिए थे कनेक्शन
करीब पंद्रह दिन से ग्रामीण दूषित पानी पीने के लिए हो रहे थे मजबूर