अनमोल है जिंदगी, संभलकर चलिए
मेरठ। जिंदगी अनमोल है, संभलकर चलें। आए दिन शहर और देहात की सड़कों पर हादसों में जान जाती है। लेकिन दो पहिया चलाते समय लोग सावधानी नहीं बरतते। स्कूल कॉलेजों के छात्रों के अलावा देहात से आने वाले लोग भी ट्रैफिक नियम तोड़ रहे हैं। शहर के मुख्य चौराहों पर ट्रैफिक पुलिस यातायात नियम तोड़ने वालों के चालान भी काटती नजर आती है। लेकिन लोगों को खुद भी जिम्मेदार होना पड़ेगा।
युवा तोड़ रहे सबसे ज्यादा नियम
ट्रैफिक पुलिस के अनुसार सबसे ज्यादा युवा ट्रैफिक नियम तोड़ रहे हैं। ट्रैफिक पुलिस औसतन प्रत्येक दिन 200 से 250 बिना हेलमेट के दो पहिया वाहन चलाने के चालान काटती है। ऐसे में 18 साल से लेकर 30 साल तक की उम्र के सबसे ज्यादा चालक हैं। जो बिना हेलमेट के दो पहिया वाहन चला रहे हैं। नियम तोड़ने वालों में महिलाएं भी कम नहीं हैं।
मुख्य चौराहों पर पुलिस की लापरवाही
पुलिस लगातार हेलमेट नहीं लगाने वालों पर कार्रवाई की बात करती है, लेकिन देहात से आने वाले लोगों पर पुलिस सिर्फ दिखावे की कार्रवाई करती है। जिन मुख्य चौराहों पर टीएसआई या एचसीपी चालान करते हैं, यदि वहां सख्ती कर चेकिंग की जाए तो हेलमेट अभियान को मजबूती मिल सकती है।
25 के बाद सघन अभियान
एसपी ट्रैफिक संजीव बाजपेयी का कहना है कि ट्रैफिक पुलिस वीआईपी ड्यूटी में लखनऊ गई है। 25 फरवरी के राष्ट्रोदय कार्यक्रम होने के बाद ट्रैफिक पुलिस हेलमेट और ट्रिपलिंग को लेकर सघन अभियान चलाएगी।