मेरठ। सीएमओ कार्यालय से आरटीआई के तहत मांगी गई एक सूचना का 70 दिन जवाब तो दिया, मगर वह भी सवाल ही था। जबकि इसकी शिकायत ट्वीट कर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह से की गई। स्वास्थ्य मंत्री ने भी रिट्वीट किया। इसके बावजूद इसे गंभीरता से नहीं लिया गया।
मेरठ के कलीना के रहने वाले धीरज कुमार ने 27 मार्च को आरटीआई के तहत सीएमओ कार्यालय से एक व्यक्ति के विकलांगता सर्टिफिकेट के बारे में सूचना मांगी थी। 60 दिन तक सीएमओ कार्यालय से इसका जवाब ही नहीं दिया गया। इसके बाद पांच जून को स्वास्थ्य मंत्री को ट्वीट कर शिकायत की गई। स्वास्थ्य मंत्री ने रि-ट्वीट कर बताया कि उन्होंने सीएमओ मेरठ को इससे अवगत करा दिया है और त्वरित कार्रवाई के लिए कहा है। इसके बाद धीरज के पास सीएमओ कार्यालय से जवाब आया, जो दरअसल सवाल ही था। जिसमें लिखा था कि जिस विकलांग प्रमाण पत्र के बारे में सूचना मांगी गई थी, उसके बारे में यह बताने का कष्ट करें कि वह जारी कब किया गया था, ताकि आपकी मांगी गई सूचना का जवाब दिया जा सका। इस संबंध में धीरज का कहना है कि वह फिर से आरटीआई डालने और स्वास्थ्य मंत्री से शिकायत करने की तैयारी कर रहे हैं।