परीक्षितगढ़। तीन दिन से आसमान पर छाए बादलों के चलते किसानों के चेहरे मुरझाए हुए हैं। खेतों में अनाज की फसल पककर तैयार खड़ी है। आसमान पर छाए बादलों के चलते किसान काफी परेशान दिखाई नजर आ रहा है। हल्की बारिश हो जाने से कटाई थम गई है। किसानों का कहना है कि यदि वर्षा हो गई तो उनकी तैयार फसल नष्ट हो जाएगी।
किसान रामकुमार नागर, हर्षवर्धन त्यागी, सोनू त्यागी, नरेंद्र त्यागी, इकबाल, गुल्लू पधान, इस्लामुद्दीन, इस्लाम, महेंद्र सिंह, प्रमोद कुमार, घासीराम त्यागी, कपिल कुमार, सुरेंद्र सिह, अनिल त्यागी, संतरपाल गुर्जर आदि का कहना है कि पहले तो महंगाई की मार किसानों पर पड़ी है। यदि इस बार वर्षा हो जाती है, तो किसान भुखमरी के कगार पर आ जाएंगे। किसानों का अभी तक करोड़ों रुपये गन्ना भुगतान अटका हुआ है। मौसम में आए बदलाव से किसानों के चेहरे मुरझा गए हैं।