एमएसएमई (सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम) क्षेत्र की वृद्धि के लिए 10 हजार करोड़ रुपये के कोष से छोटे व्यवसायों को इक्विटी पूंजी उपलब्ध होगी, जिससे उद्योग विस्तार को बढ़ावा मिलेगा। इस पहल से शहर के 40 हजार उद्योगों को लाभ होने की उम्मीद है। परतापुर इंडस्ट्रियल एस्टेट एसोसिएशन के अध्यक्ष निपुन जैन ने बताया कि इस योजना में क्रेडिट सपोर्ट और आधारभूत ढांचे के विकास पर जोर दिया गया है। उद्योगपुरम, परतापुर, स्पोर्ट्स कांप्लेक्स और परतापुर इंडस्ट्रियल एस्टेट जैसे क्षेत्रों में आधारभूत ढांचे को मजबूत किया जाएगा।
आईआईए के चेयरमैन अंकित सिंघल ने कहा कि देश भर में 200 क्लस्टर स्थापित किए जाएंगे और मेरठ को भी एक क्लस्टर मिलने की संभावना है। आईआईए के कोषाध्यक्ष राजीव अग्रवाल ने बताया कि बैटरी जिसमें लीथियम बैटरी भी शामिल हैं अब सस्ती हो गई हैं। सरकार सेमीकंडक्टर निर्माण में 40 हजार करोड़ रुपये का निवेश करेगी जिससे शहर की दो स्थापित फर्मों को लाभ होगा और नई फर्मों की स्थापना भी संभव होगी
उद्योग जगत को शीर्ष पर पहुंचाएगा कदम
- एमएसएमई के लिए बजट में 10 हजार करोड़ रुपये का ग्रोथ फंड बनाने का प्रावधान सराहनीय कदम है। ऐसे में चैंपियन एमएसएमई तैयार होंगे। यह कदम उद्योग जगत को शीर्ष पर पहुंचाएगा। - राजीव कुमार गुप्ता, राष्ट्रीय अध्यक्ष, ईपटा।
- मेरठ के खेल उद्योग को मिलेगा बढ़ावा
बजट में आगामी 10 साल की प्लानिंग दिख रही है। इसके लिए नीति आयोग की टीम लगातार मेरठ आ रही है। मेरठ के खेल उद्योग देश ही नहीं विश्व स्तर पर शीर्ष पर पहुंचाने की तैयारी है। इस विषय को लेकर स्वयं पीएम और सीएम भी सक्रिय हैं। यह तय है कि ओडीओपी शीर्ष स्थान प्राप्त करेगा। - राजकुमार शर्मा, प्रदेश सचिव, लघु उद्योग भारती।
यह बोले उद्यमी एवं व्यापारी....
- ईवी में क्षेत्र में कार्य दूरगामी सोच
ईवी के लिए बजट में किए गए प्रावधान दूरगामी सोच को दर्शाते हैं। सब्सिडी से ज्यादा निर्माण पर भरोसा दिखा। सोलर और बीईएसएस पर जोर दिया गया। - सुधांशु पाल, फाउंडर एंड सीईओ, बीपीएच मोबिलिटी।
-सेमीकंडक्टर पर निवेश देगा ऑटोमोबाइल को नई दिशा
सेमीकंडक्टर के निवेश से ऑटोमोबाइल उद्योग को होगा लाभ। नई फंडिंग, हाशिए पर आई क्लस्टर योजना को भी पुनर्जीवन मिला है। - आशुतोष अग्रवाल, दिनेशक, संयुक्त लघु उद्योग क्लस्टर्स विकास समिति।
- कैंची उद्योग को सीधे तौर पर नहीं मिला लाभ
मेरठ के कैंची उद्योग को सीधे तौर पर लाभ नहीं मिला है। हालांकि एमएसएमई योजना का लाभ मिलेगा। - शरीफ अहमद, कैंची क्लस्टर
- बेरोजगारी को दूर करने के लिए बजट
बजट शिक्षा, स्वास्थ्य के साथ बेरोजगारी को खत्म करने वाला है। युवा वर्ग और व्यापारी को लाभ होगा। - पुनीत शर्मा, बेगमपुल व्यापारी
- सभी दवाओं के दाम किए जाएं नियंत्रित
कुछ दवाओं के दाम पर नियंत्रण किया गया है लेकिन सभी दवाओं के दाम नियंत्रित होने चाहिए थे। - अरुण त्यागी, होलसेल एंड कैमिस्ट एसोसिएशन
- जीएसटी में नहीं खत्म किया गया जुर्माना
जीएसटी में सजा, जुर्माना खत्म नहीं किया गया इस संबंध में लगातार मांग की जा रही थी। हमारी मंडी शुल्क समाप्ति मांग पूरी नहीं हुई। - लोकेश कुमार अग्रवाल, प्रदेश अध्यक्ष, उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल।
- बेसिक कस्टम ड्यूटी में नहीं हुआ बदलाव
सोना चांदी के आयात पर बेसिक कस्टम ड्यूटी और जीएसटी में बदलाव के लिए लंबे समय से मांग की जा रही थी जो पूरी नहीं हुई। - डॉ. संजीव अग्रवाल, महामंत्री, मेरठ बुलियन एवं ज्वैलर्स एसोसिएशन।
- व्यवसायिक औद्योगिक संस्थानों को नहीं किया नियमित
सरकार द्वारा आवासीय क्षेत्र में चल हरे व्यवसायिक औद्योगिक संस्थानों को नियमित नहीं किया गया है। - पंडित आशु शर्मा, प्रदेश अध्यक्ष, पश्चिम उत्तर प्रदेश संयुक्त व्यापार मंडल।
- छोटे व्यापारियों को मिलेगा लोन
बजट में किए गए प्रावधानों को देखकर लगता है कि छोटे उद्यमियों को लोन मिलेगा और कारोबार बढ़ेगा। - विष्णु दत्त पाराशर, जिलाध्यक्ष, उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल।
- राष्ट्रीय स्वास्थ्य को मिलेगी मजबूती
वेलनेस आयुर्वेदिक रिसर्च लैब्स की स्थापना से राष्ट्रीय स्वास्थ्य को मजबूती मिलेगी। नेशनल काउंसिल फॉर होटल मैनेजमेंट एंड कैटरिंग के उन्न्यन से शिक्षा, उद्योग और सरकार के बीच सेतु बनेगा। - विपुल सिंघल, महामंत्री, होटल मंडप एसोसिएशन।
- बजट में सड़क, रेलवे, इंफ्रा पर कार्य
बजट में सड़क, रेलवे और इंफ्रा पर दूरगामी सोच को दिखाता है। बजट देश की अर्थव्यवस्था को आगे बढ़ाएगा। - डॉ. मनीष सिंघल, शिक्षक।
- ऑफलाइन व्यापार को लेकर नीति सरल
ऑफलाइन ऑनलाइन कारोबार को लेकर नीतियों को सरल किया गया है। बजट का लाभ छोटे रिटेलरों को मिलेगा। - राजबीर सिंह, महामंत्री, आबुलेन व्यापार संघ।
- रोजगार सृजन को नहीं दी प्राथमिकता
रोजगार सृजन को बजट में प्राथमिकता नहीं दी गई। छोटे व्यापारियों को सीधे तौर पर कोई लाभ नहीं हो रहा है। - अनूप राघव, समाजसेवी।
- शराब सिगरेट महंगे होने से पड़ेगा असर
सिगरेट और तंबाकू उत्पादों को महंगा किया गया है। इसका असर पड़ेगा। बजट का बाजार में मिला जुला असर दिख रहा है। - दीपक गुप्ता, वैश्य समाज।
- डीजल को लाएं जीएसटी के दायरे में
डीजल को जीएसटी के दायरे में लाना चाहिए था। इससे ट्रांसपोर्टरों को लाभ होता। - गौरव शर्मा, ट्रांसपोर्टर।
- आने वाले समय में सस्ते होंगे ईवी वाहन
सेमीकंडक्टर पर बड़ा निवेश और बैटरी सस्ती की गई है। ऐसे में आने वाले समय में वाहन सस्ते होंगे। - लोकेश चंद्रा, व्यापारी।