दोहरीघाट में उफनाई सरयू नदी।संवाद
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सरयू नदी के जलस्तर में घटाव होने के बाद कटान का खतरा बढ़ गया है। क्षेत्र के नवली गांव में कटान तेज होने से गांव का अस्तित्व ही खतरा में पड़ गया है। 24 घंटे में 10 सेमी जलस्तर में घटाव दर्ज किया गया। सरयू नदी के जलस्तर में जैसे-जैसे घटाव हो रहा है, वैसे-वैसे कटान का खतरा बढ़ता जा रहा है। जलस्तर पर नजर डाला जाए तो बृहस्पतिवार 69.45 मीटर रहा। बुधवार को 69.55 मीटर रहा। तटवर्ती क्षेत्रों में कटान होने से लोग सहमे हुए है।
नवली गांव के समीप घाघरा का कटान लगातार बढ़ रहा है और उपजाऊ जमीन प्रतिदिन नदी में विलीन हो रही है। नदी और नवली गांव के बीच 50 मीटर से भी कम रह गई है। कटान रोकने के लिए बाढ़ खंड आजमगढ़ की तरफ से किए गए सभी उपाय नदी की तेज धारा में बह गए। नवली गांव को बचाने के लिए बनाए गए रिंग बंधे की मरम्मत न होने से गांव नदी में समाहित होने का खतरा मंडराने लगा है। नवली गांव को दो बार नदी की लहरें उजाड़ चुकी हैं। अब तीसरी बार बसाए गए नवली गांव का अस्तित्व खतरे में पड़ता नजर आने लगा है। इस संबंध में श्रृंगेश साहनी, राहुल साहनी, दीपक कुमार, अमरजीत, सतीश, केशभान का कहना था कि नदी गत दो दिन के अंदर 10 मीटर कटान करती हुई आगे बढ़ रही है। कटान रोकने का काम कागज पर ही हो रहा है। नदी की तलहटी में पूर्व में गिराए गए बोल्डर तेज धारा के साथ बह गए। कटान रोकने के लिए अविलंब उपाय नहीं किया गया तो हम लोग चुप नहीं बैठेंगे।