श्री हनुमत कृपा सेवा समिति की तरफ से नगर के बालनिकेतन स्थित श्री हनुमान गढ़ी मंदिर में मंगलवारीय श्रीसुंदर कांड का पाठ किया गया।
इस मौके पर समिति प्रमुख डॉ. राम गोपाल गुप्त ने कहा कि रामायण के जरिये सनातनियों को प्रेम, धर्म तथा त्याग और कर्तव्यों की शिक्षा देने वाले महा वाल्मीकि महान ऋषि और महाकवि थे।
रत्नाकर से ऋषि बनने वाले वाल्मीकि की रचना रामायण आज करोड़ों हिंदू जन मानस के हृदय को अपनी आभा से आलोकित करती है। आज के दिन रामायण सुनना सुनाना तथा पढ़ना बहुत ही शुभ होता है। महर्षि वाल्मीकि हिंदू धर्म के पितामह थे।
इस माैके पर अजय मिश्र बब्बन सिंह, रमेश शर्मा, आशीष सिंह, सुनील अनुपम पांडे, रिंकू मिश्रा आनंद गुप्ता, जयकृष्ण उपाध्याय माैजूद रहे।