धीरज और प्रवीण करीब तीन बजे बकरी चराने गांव के पश्चिम तरफ स्थित फोरलेन बाईपास पर गए। देर शाम पांच बजे तक दोनो वापस नहीं लौटे। ननिहाल के लोग उनकी तलाश में निकले। इस दौरान लोग जब फोरलेन के किनारे सैयदबाबा के मजार के पास स्थित गड्ढ़े के पास पहुंचे तो एक बच्चे की लाश उतराई मिली। खोजने पर दूसरे बच्चे की भी लाश मिल गई।
जानकारी मिलते ही धीरज की मां मिनता देवी, नाना रामाधार राजभर तथा प्रवीण की माता सविता देवी तथा नाना राजेन्द्र का रो-रोकर बुरा हाल था। घटना की सूचना मिलते ही कोतवाल एसबी सिंह के साथ यूपी 112 पुलिस मौके पर पहुंच कर जाच में जुट गई।