मधुबन। अधिकारियों को गुमराह करके 2017 में अनुसूचित जनजाति का प्रमाण पत्र बनवाने के मामले में सोमवार को स्थानीय पुलिस ने एक महिला सहित दो लोगों को गिरफ्तार करके चालान कर दिया।
धर्मपुर विशुनपुर जरलहवा निवासी रमेश उर्फ रामनिवास एवं डिम्पल पत्नी मनोज ने सन 2017 में खुद को अनुसूचित जनजाति का दिखा कर जाति प्रमाण पत्र बनवा लिए थे, जबकि यह लोग कुम्हार जाति के हैं। कुम्हार जाति अन्य पिछड़ा वर्ग के अंतर्गत आती है। इस प्रकरण का खुलासा तब हुआ जब कुछ महीनों पूर्व इन लोगों का गांव के ही एक व्यक्ति से विवाद हो गया और उसने उस पर जाति प्रमाण पत्र फर्जी तरीके से बनवा लेने का आरोप लगाते हुए पुलिस को तहरीर दी । पुलिस ने मुुकदमा दर्ज कर लिया था। शिकायतकर्ता ने तहसीलदार को प्रार्थना पत्र देकर इन लोगों के जाति प्रमाण पत्र के सत्यापन की मांग । जांच में पाया गया कि आरोपियों ने तहसील प्रशासन को गुमराह कर अनुसूचित जाति के प्रमाण पत्र बनवा लिए थे। सोमवार को एसएसआई रामसकल यादव ने दोनों आरोपियों को उनके घर से गिरफ्तार कर लिया।