कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक को संबोधित करते जिलाधिकारी निखिल चन्द्र शुक्ला।
श्रावस्ती माडल के अनुसार भूमि विवादों के त्वरित निस्तारण कराने के लिए जिलाधिकारी निखिल चन्द्र शुक्ला की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभा कक्ष में शुक्रवार को पुलिस एवं राजस्व अधिकारियों की बैठक हुई। बैठक में जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद में 11 थानों में 22 टीमों का गठन किया गया है।
एक टीम में 10-10 सदस्य होगें। इसमें चार लेखपाल, चार पुलिसकर्मी, एक चकबन्दी विभाग का कर्मचारी एवं एक राजस्व विभाग का कर्मचारी शामिल किए गए हैं। ये सभी टीमें 24 सितंबर से अपने-अपने निर्धारित गांवों में जाकर चिन्हित सभी विवादों का मौके पर ही निस्तारण करेंगी।
टीमें रवाना होने से पहले अपनी रवानगी थानों में दर्ज करायेंगी और अपने क्षेत्र के विवाद निस्तारण कर वापस होने के बाद भी अपनी वापसी दर्ज कराएंगे। जिलाधिकारी ने बताया कि गांव की जनता अपनी छोटे-छोटे विवादों को लेकर आये दिन थाना दिवस एवं तहसील दिवसों का चक्कर लगाती रहती है। इन्हीं मामलों के निस्तारण करने के लिए इन टीमों को गांवों में भेजा जा रहा है। जिससे ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर ही निस्तारण हो सके।
टीमों के साथ रहकर जनता अपनी समस्या बताएं। जिलाधिकारी ने कार्यक्रम में मौजूद सभी उपजिलाधिकारी एवं सभी सीओ को भी निर्देश दिए कि वे 24 सितंबर से प्रारंभ होने वाले अपने-अपने क्षेत्रों में निरीक्षण करने के लिए जाएं। डीएम ने कहा कि अपर जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक और अपर पुलिस अधीक्षक के साथ वे खुद रैंडम जांच करने के लिए गांवों में जाएंगे। उन्होंने हिदायत दी कि यदि जांच के समय लापरवाही मिली तो संबंधित अधिकारी कर्मचारी के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जायेगी।